Pahlaj Nihalani Govinda First Film: हिंदी फिल्म इंडस्ट्री के मशहूर निर्माता और केंद्रीय फिल्म प्रमाणन बोर्ड (CBFC) के पूर्व अध्यक्ष पहलाज निहलानी के निधन से बॉलीवुड में शोक की लहर है। 76 साल की उम्र में उन्होंने दुनिया को अलविदा कहा। उनके जाने के बाद फिल्मी दुनिया से जुड़े कई पुराने किस्से फिर से चर्चा में आ गए हैं। इनमें सबसे दिलचस्प कहानी अभिनेता गोविंदा के करियर की शुरुआत से जुड़ी है, जिसमें पहलाज निहलानी की अहम भूमिका रही थी।
पहलाज निहलानी ने अपने कई इंटरव्यू में बताया था कि जब गोविंदा पहली बार उनसे मिलने आए थे, तब वह उनके लुक से खास प्रभावित नहीं हुए थे। उस समय गोविंदा इंडस्ट्री में नए थे और अपने लिए मौके तलाश रहे थे। निर्माता के तौर पर पहलाज को लगा कि शायद यह युवा अभिनेता बड़े पर्दे पर वैसा प्रभाव नहीं छोड़ पाएगा, जैसा एक सफल हीरो के लिए जरूरी होता है। हालांकि, यह राय ज्यादा समय तक नहीं रही।
गोविंदा का डांस वीडियो देखने के बाद पहलाज निहलानी पूरी तरह प्रभावित हो गए। उन्होंने गोविंदा की एनर्जी, लय, आत्मविश्वास और स्क्रीन प्रेजेंस को देखकर तुरंत फैसला कर लिया कि वही उनकी अगली फिल्म के हीरो होंगे। पहलाज को एहसास हो गया था कि इस युवा कलाकार में कुछ खास है, जो उसे भीड़ से अलग बनाता है। यही विश्वास आगे चलकर बॉलीवुड के सबसे सफल फैसलों में से एक साबित हुआ।
साल 1986 में रिलीज हुई फिल्म ‘इल्जाम’ से गोविंदा ने बतौर हीरो बॉलीवुड में कदम रखा। फिल्म को दर्शकों का शानदार रिस्पॉन्स मिला और गोविंदा रातोंरात चर्चा में आ गए। उनकी डांसिंग स्टाइल और स्क्रीन पर मौजूदगी ने लोगों का दिल जीत लिया। इसके बाद पहलाज निहलानी और गोविंदा की जोड़ी ने कई सफल फिल्में दीं। ‘शोला और शबनम’ और ‘आंखें’ जैसी फिल्मों ने बॉक्स ऑफिस पर रिकॉर्ड कायम किए।
पहलाज निहलानी ने अपने लंबे करियर में कई यादगार फिल्मों का निर्माण किया। उनकी फिल्मों में मनोरंजन, कॉमेडी और पारिवारिक मूल्यों का संतुलन देखने को मिलता था। निर्माता के रूप में उन्होंने कई कलाकारों को अवसर दिए और हिंदी सिनेमा को नई पहचान दिलाने में महत्वपूर्ण योगदान निभाया।