अनु मलिक जन्मदिन स्पेशल (सौ. डिजाइन फोटो)
बॉलीवुड के दिग्गज संगीतकार अनु मलिक अपने शानदार संगीत और यादगार धुनों के लिए पहचाने जाते हैं। बाजीगर, रिफ्यूजी और मैं हूं ना जैसी फिल्मों के गानों को उन्होंने अपने संगीत से खास पहचान दी है। हालांकि, बहुत कम लोग जानते हैं कि अनु मलिक की पहली पसंद संगीत नहीं, बल्कि पुलिस की वर्दी थी। वह एक पुलिस ऑफिसर बनना चाहते थे और इसके लिए सिविल सेवा परीक्षा की तैयारी भी कर चुके थे। उनके जन्मदिन के मौके पर आइए जानते हैं उनके इस दिलचस्प सपने के बारे में।
आज अनु मलिक को बॉलीवुड के सफल संगीतकारों में गिना जाता है, लेकिन उनका सपना कुछ और ही था। एक इंटरव्यू में वह खुद बता चुके हैं कि शुरुआती दिनों में वह पुलिस ऑफिसर बनना चाहते थे। इसके लिए उन्होंने सिविल सेवा परीक्षा की तैयारी भी की थी। हालांकि, किस्मत उन्हें संगीत की दुनिया में ले आई। धीरे-धीरे उन्होंने अपनी धुनों और गानों से फिल्म इंडस्ट्री में अलग पहचान बना ली। आज उनका नाम हिंदी सिनेमा के चर्चित संगीतकारों में शामिल है।अनु मलिक ने साल 1977 में रिलीज हुई फिल्म हंटरवाली 77 से अपने संगीत करियर की शुरुआत की थी। इसके बाद उन्होंने कई फिल्मों में संगीत दिया और अपनी अलग शैली से दर्शकों का दिल जीता। बाजीगर, रिफ्यूजी और मैं हूं ना के अलावा उन्होंने कई चर्चित फिल्मों के लिए यादगार संगीत तैयार किया। उनके संगीत को दर्शकों के साथ-साथ फिल्म इंडस्ट्री में भी सराहना मिली।अनु मलिक को उनके संगीत के लिए दो बार फिल्मफेयर के बेस्ट म्यूजिक डायरेक्टर अवॉर्ड से सम्मानित किया जा चुका है। साल 2001 में रिलीज हुई फिल्म रिफ्यूजी के संगीत के लिए उन्हें राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार भी मिला था।आज अनु मलिक पहले की तुलना में कम फिल्मों में संगीत देते हैं, लेकिन संगीत से जुड़े रियलिटी शोज में जज के रूप में नजर आते रहते हैं। पुलिस ऑफिसर बनने का सपना देखने वाले अनु मलिक ने आखिरकार संगीत की दुनिया में अपनी अलग पहचान बनाई।