Rahul Gandhi Protest: राहुल गांधी के नेतृत्व में कांग्रेस के सभी सांसदों ने राजाजी मार्ग से प्रधानमंत्री मोदी के आवास तक मार्च किया और उनके इस्तीफे की मांग को लेकर धरना दे रहे हैं। इसके पहले पार्टी अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे, लोकसभा नेता राहुल गांधी, प्रियंका गांधी वाद्रा, केसी वेणुगोपाल, पवन खेड़ा और अन्य सहित कांग्रेस नेताओं ने प्रधानमंत्री और शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग करते हुए लोक कल्याण मार्ग पर विरोध प्रदर्शन किया।
राहुल गांधी ने अपने एक्स हैंडल पर पोस्ट किया। उन्होंने लिखा कि हमने कल युवा छात्रों के खिलाफ हुई क्रूरता के लिए उनसे जवाब मांगने के लिए पीएम मोदी के घर तक मार्च किया है। सरकार कोई जवाबदेही नहीं लेना चाहती या संसद में इस पर बहस कराना चाहती है। भारत के युवाओं का भविष्य बर्बाद करने के लिए प्रधानमंत्री और गृह मंत्री को इस्तीफा देना चाहिए।
राहुल गांधी ने मीडिया से बातचीत के दौरान सरकार पर तंज कसा। उन्होंने कहा कि देश का छात्र कह रहा है- हमारा कोई भविष्य नहीं और इस सरकार के मंत्री कह रहे हैं- हमारी कुर्सी नहीं जाएगी। जिस देश में छात्र भविष्य खो दे और मंत्री कुर्सी न खोए, वहां न्याय है ही नहीं।
लोक कल्याण मार्ग पर विरोध प्रदर्शन कर रहे कांग्रेस कार्यकर्ताओं को पुलिस ने हिरासत में ले लिया है। हिरासत में लिए जाने पर पंजाब कांग्रेस कैंपेन कमेटी के चेयरमैन और पूर्व मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी ने नारा लगाया, जब-जब मोदी डरता है पुलिस को आगे करता है। उन्होंने इस कार्रवाई को बीजेपी का आतंकवाद बताया। उन्होंने कहा कि सरकार छात्रों की बात नहीं सुनते। इस कार्रवाई को उन्होंने गुंडागर्दी बताया।
इसके पहले राहुल गांधी ने अपने एक्स हैंडल से लोकसभा स्पीकर से मुलाकात की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि आज विपक्ष के MPs के साथ लोकसभा स्पीकर से मिले। हमारी मांग सीधी है- पार्लियामेंट में कल स्टूडेंट्स पर हुई बेरहमी और एग्जाम की मुश्किल के लिए सरकार की पूरी तरह से गैर-जिम्मेदारी पर डिटेल में चर्चा होनी चाहिए।
ये भी पढ़ें- रेलवे की चादर से बना कुर्ता पहन बाजार पहुंचा बुजुर्ग, लोग बोले- मासूम चोर; VIDEO जमकर हो रहा वयारल
राहुल गांधी ने कहा कि स्टूडेंट्स को उनके अपने भविष्य के बारे में सही सवाल पूछने पर पीटा गया। अगर पार्लियामेंट भारत के युवाओं के भविष्य पर चर्चा नहीं कर सकती तो वह किस काम की? विपक्ष इसे दबने नहीं देगा। हम यह पक्का करेंगे कि स्टूडेंट्स की आवाज सड़कों पर और पार्लियामेंट में सुनी जाए।