Delhi Winter Plan 2026: दिल्ली-एनसीआर में गुलाबी सर्द शुरू हो गई है। देश की राजधानी दिल्ली-एनसीआर में सर्दी अकेले नहीं आती है। सर्दी के साथ राजधानी में एक बड़ी समस्या भी आती है और वो है प्रदूषण की समस्या। सालों से दिल्ली-एनसीआर वाले प्रदूषण से जूझ रहे हैं।
सर्दी के मौसम में बढ़ने वाली प्रदूषण की इस समस्या को कम करने के लिए दिल्ली सरकार ने अभी से तैयारियां करनी शुरू कर दी है। दिल्ली सरकार ने कई महीने पहले ही कई उपायों का ऐलान कर दिया है, जिससे सर्दियों के मौसम में राजधानी की हवा को जहरीली होने से बचाया जा सके।
दिल्ली सरकार ने प्रदूषण कम करने के लिए जो कदम उठाए हैं, उनमें डबल पार्किंग चार्ज भी शामिल है, जिससे लोगों को ज्यादा से ज्यादा पब्लिक ट्रांसपोर्ट का उपयोग करने के लिए प्रोत्साहित किया जा सके।
साथ ही दिल्ली सरकार ने सभी तरह की कंस्ट्रक्शन और डिमोलिशन एक्टिविटी पर अभी से पूरी तरह बैन लगा दिया है। ऐसा इसलिए भी है क्योंकि कंस्ट्रक्शन और डिमोलिशन से धूल उड़ती है, जो प्रदूषण बढ़ाती है। इसके अलावा सरकारी और प्राइवेट कर्मचारियों को वर्क फ्रॉम होम की सुविधा भी दी जाएगी।
दिल्ली सरकार द्वारा बढ़ाए गए पार्किंग के नए रेट 1 नवंबर से लागू किए जाएंगे। इसके अलावा 1 नवंबर से 28 फरवरी 2027 के बीच दफ्तरों के समय में भी बदलाव होगा। दिल्ली नगर निगम (MCD) के अंतर्गत आने वाले सभी ऑपिस सुबह 8:30 बजे से शाम 5 बजे तक और दिल्ली सरकार के अंतर्गत आने वाले सभी ऑफिस सुबह 10 बजे से शाम 6:30 बजे तक खुलेंगे।
दिल्ली सरकार के फैसले के अनुसार, 1 नवंबर से सभी सरकारी और प्राइवेट कंपनियों को अपनी क्षमता का 50% वर्क फ्रॉम होम करवाना होगा। यह नियम भी 1 नवंबर से 28 फरवरी 2027 तक लागू रहेगा।
दिल्ली सरकार के फैसले के अनुसार, इस दौरान कुछ हफ्तों तक ऐसी कोई भी कंस्ट्रक्शन या डिमोलिशन एक्टिविटी नहीं की जा सकेगी जिनसे धूल उड़ती हो और शहर में प्रदूषण बढ़े।
पिछले कुछ सालों में दिल्ली ने सर्दियों में वायु प्रदूषण से निपटने के लिए कई फैसले लिए हैं. इनमें 'ऑड-ईवन' पॉलिसी भी शामिल थी, जिसके तहत प्रदूषण और उत्सर्जन को कम करने के लिए ऑड और ईवन नंबर वाली गाड़ियों को बारी-बारी से सड़कों पर चलने की इजाजत दी गई थी.