Symbiotec Pharmalab Ltd IPO: ग्रे मार्केट में इस समय सिम्बायोटेक फार्मालैब लिमिटेड के आईपीओ की खूब चर्चा है। बाजार में कंपनी का आईपीओ 400 रुपये के प्रीमियम को पार कर चुका है। रिटेल निवेशकों के लिए आईपीओ आज ओपेन हो गया है, जो 24 अगस्त से 26 अगस्त तक खुला रहेगा।
आज 24 अगस्त शाम 7:50 तक यह आईपीओ 0.78 गुना सब्सक्राइब हो चुका है। रिटेल कैटेगरी में आईपीओ को 0.92 गुणा और क्यूआईबी में 0.35 गुणा सब्सक्रिप्शन मिला है। वहीं, एनएनआई कैटेगरी में 1.00 गुणा भर चुकी है।
सिम्बायोटेक फार्मालैब लिमिटेड का आईपीओ साइज कुल 1,757 करोड़ रुपये का है। आईपीओ से कंपनी 15 लाख फ्रेश शेयर जारी करेगी। वहीं, ऑफर फोर सेल (OFS) के जरिए कंपनी 1,067 करोड़ रुपये शेयर जारी करेगी। कंपनी ने आईपीओ के लिए प्राइस बैंड 938 रुपये से लेकर 988 रुपये प्रति शेयर निर्धारित किया है। आईपीओ का लॉट साइज 15 शेयरों का है। जिसकी वजह से निवेशकों को कम से कम 14,820 रुपये का दांव लगाना होगा।
सबसे दिलचस्प बात यह है कि सिम्बायोटेक फार्मालैब अपने कर्मचारियों के लिए एक शेयर पर 90 रुपये की छूट की घोषणा की है। कर्मचारियों के लिए कंपनी ने 33,408 शेयर रिजर्व रखे हैं। वहीं एंकर इन्वेस्टर के लिए यह आईपीओ 21 अगस्त को ओपन हुआ था।
इनवेस्टर्स गेन की रिपोर्ट के मुताबिक, ग्रे मार्केट में सिम्बायोटेक फार्मलैब का आईपीओ 403 रुपये के प्रीमियम पर आज ट्रेड कर रहा है। मौजूदा ट्रेंड 40.79 प्रतिशत के लिस्टिंग मुनाफे को दर्शाता है। लेकिन कल यानी कि रविवार, 23 अगस्त के मुकाबले आज जीएमपी में गिरावट देखने को मिली। इस आईपीओ का सबसे कम जीएमपी 220 रुपये रहा है। लेकिन वह बहुत ज्यादा नहीं है।
बता दें कि फ्रेश इश्यू से जुटाए गए पैसों में से 112.50 करोड़ रुपये कंपनी अपना कर्ज चुकाने के लिए इस्तेमाल करेगी। वहीं, बाकी का पैसा जनरल कॉरपोरेट कार्यों के लिए होगा।
फाइनेंशियल ईयर 2026 के दौरान कंपनी की कुल आय 872.26 करोड़ रुपये थी। वहीं, इस दौरान कंपनी का प्रॉफिट (टैक्स भुगतान के बाद) 109.90 करोड़ रुपये रहा है। फाइनेंशियल ईयर 2025 के दौरान कंपनी का नेट प्रॉफिट 96.79 करोड़ रुपये रहा था। यानी कंपनी के मुनाफे में इजाफा देखने को मिला है।
क्या करती है सिम्बायोटेक फार्मालैब?
सिम्बायोटक कॉर्टिकोस्टेरॉइड और स्टेरॉयडल हार्मोन एक्टिव फार्मास्युटिकल इंग्रीडिएंट्स (APIs) में मजबूत ग्लोबल लीडरशिप पोजीशन वाली बायोटेक्नोलॉजी कंपनी है। 30 से ज्याद सालों की इंडस्ट्री एक्सपर्टीज के साथ कंपनी एक लैब-स्केल स्टेरॉयड मैन्युफैक्चरर से पूरी तरह से इंटीग्रेटेड ग्लोबल प्लेटफॉर्म बन चुकी है।
फाइनेंशियल ईयर 2025 में, सिम्बियोटेक ने कॉर्टिकोस्टेरॉइड्स और स्टेरॉयडल-हार्मोन APIs का ग्लोबल वॉल्यूम मार्केट शेयर हासिल किया। कंपनी टॉप-टेन कैटेगरी में मौजूद एकमात्र इंडियन और ग्लोबल कंपनी हैं।
Disclaimer: (यहां दी गई जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। NavbharatLive.com की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।)