पटना : बिहार की राजनीति में एक बार फिर हलचल तेज हो गई है, क्योंकि कांग्रेस नेता राहुल गांधी सोमवार को बिहार के बेगूसराय पहुंचे हैं, जहां उन्होंने NSUI के राष्ट्रीय प्रभारी कन्हैया कुमार के नेतृत्व में निकाली जा रही ‘पलायन रोको, नौकरी दो’ यात्रा में भाग लिया। इस दौरान राहुल गांधी ने राज्य के युवाओं से संवाद किया और उन्हें सफेद टी-शर्ट पहनकर सरकार पर दबाव बनाने का आह्वान किया।
राहुल गांधी की बिहार यात्रा पर बीजेपी ने तीखा तंज कसा है। बीजेपी सांसद प्रवीन खंडेलवाल ने कहा, “राहुल गांधी बिहार में अपना राजनीतिक मैदान खोजने निकले हैं, लेकिन सवाल यह है कि INDIA गठबंधन के अन्य नेताओं जैसे तेजस्वी यादव का क्या होगा? क्या राहुल गांधी का विस्तार उनके राजनीतिक आधार को नुकसान पहुंचाएगा?” खंडेलवाल ने आगे कहा कि INDIA गठबंधन केवल राजनीतिक हितों की पूर्ति के समय एकजुट होता है, अन्यथा अंदरूनी मतभेद स्पष्ट रूप से दिखते हैं। उन्होंने विश्वास जताया कि आगामी बिहार विधानसभा चुनाव में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के नेतृत्व में NDA एक बार फिर सरकार बनाएगा।
वहीं कांग्रेस नेता शकील अहमद खान ने राहुल गांधी की यात्रा को सामाजिक सरोकार से जोड़ते हुए कहा, “राहुल गांधी बार-बार बिहार आ रहे हैं ताकि सामाजिक न्याय और एकता का संदेश दे सकें। वे युवाओं के साथ मिलकर बेरोजगारी, महंगाई, पेपर लीक, सरकारी नौकरियों में कटौती और निजीकरण जैसे मुद्दों पर सरकार को घेरने का काम कर रहे हैं।”
राहुल गांधी ने सोशल मीडिया प्लैटफॉर्म एक्स पर पोस्ट करते हुए युवाओं से सफेद टी-शर्ट पहनकर यात्रा में शामिल होने की अपील की थी, ताकि बिहार के युवाओं की आवाज और जज्बा दुनिया के सामने आ सके।
यह यात्रा बिहार के युवाओं की बेरोजगारी और राज्य से हो रहे पलायन के मुद्दे को केंद्र में रखकर निकाली जा रही है। राहुल गांधी ने कहा, “बिहार के युवाओं की ऊर्जा को एकजुट कर एक नया बिहार बनाना हमारा लक्ष्य है।” इससे पहले भी राहुल 18 जनवरी और 5 फरवरी को बिहार आ चुके हैं, जिससे कांग्रेस के बिहार में बढ़ते राजनीतिक कदमों का संकेत मिलता है।