पवन सिंह। इमेज-सोशल मीडिया 
बिहार

पवन सिंह जाएंगे राज्यसभा? मनोज तिवारी के 'बड़े वादे' से उठेगा पर्दा, जानिए पूरा समीकरण

Bhojpuri Powerstar Pawan Singh : बिहार में राज्यसभा की 5 सीटों के चुनाव ने सियासी पारा चढ़ाया हुआ है। सबसे अधिक चर्चा में पवन सिंह है। ऐसे में पवन और बीजेपी के साथ हुई डील को लेकर अटकलें लगाई जा रहीं।

रंजन कुमार

Pawan Singh Rajya Sabha News : बिहार की राजनीति में इन दिनों कयासों का बाजार गर्म है। मुद्दा है राज्यसभा की पांच रिक्त हो रही सीटें और उन पर होने वाले नामांकन, लेकिन सबसे ज्यादा सुर्खियां बटोर रहा है एक नाम-पवन सिंह। राजनीतिक गलियारों में यह चर्चा जोरों पर है कि क्या भारतीय जनता पार्टी अपने वादे के मुताबिक पवन सिंह को दिल्ली भेजने की तैयारी कर चुकी है?

इस पूरी कहानी के पीछे साल 2024 के लोकसभा चुनावों की कड़वी यादें छिपी हैं। काराकाट सीट पर निर्दलीय चुनाव लड़कर पवन सिंह ने एनडीए के समीकरण बिगाड़ दिए थे। उस वक्त बीजेपी को उनकी जमीनी ताकत और युवाओं के बीच उनकी लोकप्रियता का अहसास हुआ। 2025 के विधानसभा चुनाव से ठीक पहले जब पवन सिंह की घर वापसी हुई, तब बीजेपी के दिग्गज नेता मनोज तिवारी ने सार्वजनिक मंच से कहा था कि पवन सिंह के लिए पार्टी कुछ बहुत बड़ा करेगी। अब जबकि राज्यसभा चुनावों का बिगुल बज चुका है तो माना जा रहा कि वह बड़ा काम उन्हें राज्यसभा भेजना ही है।

क्या कहता है सीटों का गणित?

बिहार विधानसभा के वर्तमान आंकड़ों के अनुसार खाली हो रही पांच सीटों में से दो बीजेपी और दो जेडीयू के खाते में जाना लगभग तय है। बीजेपी की इन दो सीटों में से एक पर पवन सिंह की दावेदारी सबसे सशक्त मानी जा रही है। पार्टी आलाकमान को लगता है कि पवन सिंह को राज्यसभा भेजकर न केवल शाहाबाद और मगध के बेल्ट में राजपूत वोटों को साधा जा सकता है, बल्कि पूरे भोजपुरी भाषी क्षेत्र के युवाओं को एक बड़ा संदेश भी दिया जा सकता है।

इनाम या रणनीतिक मजबूरी?

2025 के विधानसभा चुनावों में पवन सिंह ने एनडीए उम्मीदवारों के लिए जिस तरह धुआंधार प्रचार किया और रैलियों में भीड़ जुटाई, उसे उनके प्रति पार्टी के बढ़ते विश्वास के रूप में देखा जा रहा है। वैसे, जातिगत समीकरण और पार्टी के पुराने निष्ठावान कार्यकर्ताओं की नाराजगी बीजेपी के लिए एक बड़ी चुनौती हो सकती है, लेकिन मिशन 2029 की तैयारियों को देखते हुए बीजेपी किसी भी बड़े चेहरे को खोने का रिस्क नहीं लेना चाहेगी। बीजेपी नेतृत्व ने पवन सिंह के नाम पर मुहर लगा दी तो यह भोजपुरी फिल्म जगत के किसी कलाकार के लिए अब तक की सबसे बड़ी राजनीतिक छलांग होगी। फिलहाल सबकी नजरें दिल्ली स्थित बीजेपी मुख्यालय पर टिकी हैं। क्या पवन सिंह वाकई माननीय बनेंगे?

INDIA Bloc Protest LIVE: इंडिया गठबंधन के मार्च का आगाज, सुप्रीम कोर्ट ने दी याचिका दाखिल करने की इजाजत

सुप्रीम कोर्ट में याचिका दाखिल करना कितना आसान? राहुल गांधी के मामले से समझिए कानूनी प्रक्रिया

जम्मू-कश्मीर में NIA की बड़ी कार्रवाई, आतंकी संगठन लश्कर-ए-तैयबा के संपत्ति को किया जब्त

दिवाली पर दिल्ली में पटाखे जलेंगे या नहीं! सुप्रीम कोर्ट ने हर बातों पर विस्तार से की चर्चा; जानिए अपडेट

कांग्रेस सांसद अंगोमचा बिमोल अकोइजाम के खिलाफ FIR दर्ज, JNU की 11 छात्राओं ने लगाए थे आरोप, BJP का प्रदर्शन