Hydrogen Car New Future: पेट्रोल-डीजल और EV के बाद दुनियाभर की ऑटोमोबाइल कंपनियां एक नई तकनीक पर काम कर रही है जो प्रदूषण कम करने के साथ पेट्रोल-डीजल पर निर्भरता को भी घटाएंगा। इलेक्ट्रिक कारों ने लोगों के बीच काफी अच्छा प्रभाव डाला था लेकिन अब हाइड्रोजन फ्यूल टेक्नोलॉजी को भविष्य की सबसे बड़ी क्रांति के रूप में देखा जा रहा है। जिसको देखते हुए ऑस्ट्रिया की AVL Technologies और Suzuki ने मिलकर हाइड्रोजन से चलने वाली नई Suzuki Swift का प्रोटोटाइप तैयार कर लिया है, जिसकी हर जगह बात हो रही है।
नई तकनीक के साथ बनी हाइड्रोजन स्विफ्ट को दूसरी जनरेशन Swift के मॉडल के साथ तैयार किया गया है। इसकी खास बात यह है कि इसमें ज्यादातर हाइड्रोजन कारें Fuel Cell Electric Vehicle (FCEV) तकनीक पर आधारित होने वाली है। लेकिन दूसरी तरफ इश कार में Hydrogen Internal Combustion Engine लगाया गया है। जिसका सीधा मतलब है कि यह कार बिल्कुल पेट्रोल इंजन की तरह काम करेगी बस फर्कयह होगा कि इसमें ईंधन के तौर पर हाइड्रोजन को डाला जाएंगा। इस तकनीक को लेकर ऑटो एक्सपर्ट्स कहते है कि यह तकनीक फ्यूल सेल सिस्टम के मुकाबले ज्यादा सस्ती और व्यावहारिक होने वाली है।
AVL Technologies ने अपने नए प्रोजेक्ट में इंजन डिजाइन से लेकर टेस्टिंग तक पूरा काम कर लिया है। जिसमें कार के अदंर 1.4 लीटर डायरेक्ट इंजेक्शन हाइड्रोजन इंजन जो 134 हॉर्सपावर और 220 Nm टॉर्क पैदा करें वो दिया गया है। वहीं यह किसी भी सामान्य पेट्रोल इंजन की तुलना में करीब 13 hp ज्यादा पावर और 20 Nm ज्यादा टॉर्क देता है। जिससे भविष्य में यह गाड़ी सिर्फ पर्यावरण बचाने काम ही नहीं करेंगी पर परफॉर्मेंस में भी शानदार साबित होगी।
इस पहल को आगे बढ़ने के लिए केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री Nitin Gadkari भी सहयोग कर रहे है। इसके साथ ही बता दें कि काफी लंबे समय से हाइड्रोजन फ्यूल को भारत के भविष्य के तौर पर देखा जा रहा है। लेकिन लगातार गलतियों के बाद अब देश को पेट्रोल-डीजल से हटकर एथेनॉल, CNG, इलेक्ट्रिक और हाइड्रोजन जैसे स्वच्छ ईंधनों की तरह ले जाया जा रहा है। वहीं सरकार भी हाइड्रोजन इंफ्रास्ट्रक्चर और नई तकनीकों को बढ़ावा देने के लिए अपनी तरफ से कई सारे पायलट प्रोजेक्ट्स पर काम कर रही है। जिसकी पहल करते हुए खुद गडकरी भी हाइड्रोजन से चलने वाली Toyota Mirai का इस्तेमाल कर चुके हैं।
जिस तरह से वाहन की तकनीक बदल रही है ऐसे में यह देखा जा रहा है कि भविष्य में Suzuki इस हाइड्रोजन Swift को बड़े स्तर पर लॉन्च कर सकती है, जिससे भारत के ऑटो बाजार में बड़ा बदलाव आएगा और यह बदलाव भारत को Green Mobility की ओर ले जा सकता है। इससे यह तो साफ है कि Hydrogen टेक्नोलॉजी के आने से देश में नई फ्यूल टेक्नोलॉजी रफ्तार पकड़ सकती है। लेकिन यह भी सोचने वाली बात है की अभी तक देश में Hydrogen स्टेशन जैसी सुविधाएं सीमित तौर पर ही है पर आने वाले सालों में Hydrogen Cars भारतीय सड़कों की पहचान भी बन सकती है।