FASTag Scam (Source. नवभारत डेस्क) 
ऑटोमोबाइल

खाते से उड़ सकते हैं पैसे, FASTag के नाम पर नया स्कैम, हो जाए सतर्क वरना पड़ेगा महंगा

FASTag Scam: डिजिटल पेमेंट और ऑनलाइन सेवाओं का इस्तेमाल तेजी से बढ़ रहा है। लेकिन इसी का फायदा उठाकर साइबर ठग अब FASTag के नाम पर भी लोगो को लूटने का नया प्लान बना लिया है।

सिमरन सिंह

FASTag Scam Fake Website: देश में डिजिटल पेमेंट और ऑनलाइन सेवाओं का इस्तेमाल तेजी से बढ़ रहा है। लेकिन इसी का फायदा उठाकर साइबर ठग भी नए-नए तरीके अपनाकर लोगों को निशाना बना रहे हैं। अब एक नया मामला सामने आया है, जिसमें FASTag Annual Pass के नाम पर लोगों के साथ धोखाधड़ी की जा रही है।

NHAI ने जारी की बड़ी चेतावनी

नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया (NHAI) ने इस स्कैम को लेकर अलर्ट जारी किया है। अधिकारियों के मुताबिक, कई फर्जी वेबसाइट्स बनाई गई हैं जो देखने में बिल्कुल सरकारी पोर्टल जैसी लगती हैं। आम यूजर इन वेबसाइट्स को असली समझकर पैसे जमा कर देता है, लेकिन बाद में उसे कोई असली FASTag सेवा नहीं मिलती।

कैसे होता है यह FASTag स्कैम?

NHAI के अनुसार, ठग लोग नकली वेबसाइट्स तैयार करते हैं जो असली FASTag साइट की तरह दिखती हैं। ये वेबसाइट्स गूगल जैसे सर्च इंजन पर ऊपर आने के लिए Ads और SEO का सहारा लेती हैं। जब कोई यूजर इन साइट्स पर जाता है, तो उससे मोबाइल नंबर, गाड़ी का नंबर, बैंक डिटेल्स और पेमेंट से जुड़ी जानकारी मांगी जाती है। यूजर को लगता है कि वह सही प्लेटफॉर्म पर है, इसलिए वह सारी जानकारी भर देता है। इसके बाद पेमेंट सीधे ठगों के खाते में चला जाता है। कई मामलों में यूजर को कोई कन्फर्मेशन नहीं मिलता या फिर नकली रसीद थमा दी जाती है। इस तरह लोगों के पैसे भी चले जाते हैं और उन्हें कोई वैध FASTag सेवा भी नहीं मिलती।

सरकारी एजेंसियों ने भी किया अलर्ट

इससे पहले इंडियन साइबर क्राइम कोऑर्डिनेशन सेंटर (I4C), जो गृह मंत्रालय के अंतर्गत काम करता है, वह भी ऐसे स्कैम को लेकर चेतावनी दे चुका है। अधिकारियों का कहना है कि आजकल ठग इतने शातिर हो गए हैं कि उनकी वेबसाइट्स पहली नजर में बिल्कुल असली लगती हैं, जिससे धोखा खाना आसान हो जाता है।

ऐसे बचें इस ऑनलाइन ठगी से

NHAI ने यूजर्स को कुछ जरूरी सुझाव दिए हैं:

  • FASTag से जुड़ी सेवाएं केवल आधिकारिक प्लेटफॉर्म जैसे Rajmargyatra App से ही लें
  • गूगल पर दिखने वाले स्पॉन्सर्ड लिंक या अनजान विज्ञापनों पर क्लिक करने से बचें
  • किसी भी वेबसाइट पर जानकारी डालने से पहले उसका URL जरूर जांचें
  • OTP, बैंक डिटेल्स या पासवर्ड जैसी संवेदनशील जानकारी कभी शेयर न करें
  • अगर वेबसाइट संदिग्ध लगे, तो तुरंत उसे बंद कर दें

सतर्क रहें, नहीं तो हो सकता है बड़ा नुकसान

आज के समय में डिजिटल सुविधा जितनी आसान हो गई है, उतना ही खतरा भी बढ़ गया है। थोड़ी सी लापरवाही आपको भारी नुकसान में डाल सकती है। इसलिए जरूरी है कि आप हमेशा सतर्क रहें और केवल भरोसेमंद प्लेटफॉर्म का ही इस्तेमाल करें।

BRICS Summit Day 1: मोदी-जिनपिंग की मुलाकात, दिल्ली डिक्लेरेशन और गाला डिनर... समिट के पहले दिन क्या-क्या हुआ?

कांग्रेस का संगठन पुरुष प्रधान है.. कर्नाटक में महिलाओं की अनदेखी पर शिवसेना नेता कृष्णा हेगड़े ने साधा निशाना

BRICS Summit: भारत मंडपम में भव्य गाला डिनर, PM मोदी ने विदेशी मेहमानों को परोसे खास भारतीय व्यंजन

माउंट रुद्रगैरा पर लहराया तिरंगा: लखनऊ की बेटी पूर्वा धवन ने 5,826 मीटर ऊंची चोटी की फतह, मिशन एवरेस्ट पर नजर

BRICS Summit: भारत मंडपम में दिखी मोदी-पुतिन-जिनपिंग की केमिस्ट्री, तस्वीरों ने खींचा ध्यान