Car AC (Source. Freepik) 
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पेट्रोल बचेगा या जेब होगी खाली? AC चलाएं या खिड़की खोलें, जानिए सही तरीका, नहीं तो पड़ेगा महंगा

Car AC Vs Windows: गर्मी शुरू होते ही हर ड्राइवर के मन में एक ही सवाल आता है क्या कार का AC चलाएं या फिर ईंधन बचाने के लिए खिड़कियां खोल लें? आम धारणा यह है कि AC बंद रखने से पेट्रोल की बचत होती है।

सिमरन सिंह

AC Fuel Consumption: गर्मी शुरू होते ही हर ड्राइवर के मन में एक ही सवाल आता है क्या कार का AC चलाएं या फिर ईंधन बचाने के लिए खिड़कियां खोल लें? आम धारणा यह है कि AC बंद रखने से हमेशा पेट्रोल की बचत होती है, लेकिन सच्चाई इतनी सीधी नहीं है। असल फर्क इस बात पर निर्भर करता है कि आप किस स्पीड पर गाड़ी चला रहे हैं।

स्पीड तय करती है सही फैसला

गाड़ी की स्पीड इस पूरे मामले में सबसे अहम भूमिका निभाती है। अगर आप शहर में 40-45 किमी/घंटा या उससे कम स्पीड पर ड्राइव कर रहे हैं, तो खिड़कियां खोलकर चलाना ज्यादा फायदेमंद होता है। इस स्पीड पर हवा का दबाव कम होता है, जिससे खुले शीशों का गाड़ी पर खास असर नहीं पड़ता और फ्यूल की बचत होती है। लेकिन जैसे ही स्पीड 50-60 किमी/घंटा से ऊपर जाती है, स्थिति बदल जाती है। तेज रफ्तार में खिड़कियां खोलने से हवा का बहाव बिगड़ता है और गाड़ी पर अतिरिक्त दबाव पड़ता है। ऐसे में इंजन को ज्यादा मेहनत करनी पड़ती है, जिससे फ्यूल ज्यादा खर्च होता है। इस स्थिति में AC चलाना बेहतर विकल्प बन जाता है।

AC चलाने से कितना बढ़ता है खर्च?

कार का AC सीधे इंजन से जुड़ा होता है और इसे चलाने के लिए लगभग 3 से 7 हॉर्सपावर की जरूरत होती है। इसका असर यह होता है कि माइलेज 10% से 25% तक कम हो सकता है, खासकर जब मौसम बहुत गर्म हो। खासकर ट्रैफिक में, जहां गाड़ी धीमी चलती है, वहां AC का इस्तेमाल ईंधन की खपत और बढ़ा देता है।

खुली खिड़कियों का असर क्या होता है?

खिड़कियां खोलकर चलाने से इंजन पर सीधा दबाव नहीं पड़ता, लेकिन इससे कार की एयरोडायनामिक्स प्रभावित होती है। आज की कारें इस तरह डिजाइन की जाती हैं कि वे हवा को आसानी से काट सकें। जब तेज स्पीड पर खिड़कियां खुली होती हैं, तो हवा का प्रवाह बिगड़ जाता है और ड्रैग बढ़ जाता है। यह ड्रैग SUV में लगभग 8% और छोटी कारों में 20% तक बढ़ सकता है, जिससे इंजन को ज्यादा मेहनत करनी पड़ती है और फ्यूल की खपत बढ़ जाती है।

शहर बनाम हाईवे कहां क्या है सही?

शहर के ट्रैफिक में, जहां स्पीड कम और ब्रेक ज्यादा लगते हैं, वहां खिड़कियां खोलना ज्यादा किफायती होता है। वहीं हाईवे पर, जहां गाड़ी लगातार तेज रफ्तार में चलती है, वहां AC का इस्तेमाल ज्यादा बेहतर और संतुलित रहता है।

छोटा फर्क, लेकिन बड़ा असर

असल ड्राइविंग में AC और खिड़कियों के बीच माइलेज का फर्क बहुत बड़ा नहीं होता, आमतौर पर 1-2 किमी/लीटर का अंतर होता है। लेकिन लंबी अवधि में यही छोटा अंतर आपके फ्यूल खर्च को बढ़ा सकता है।

फ्यूल बचाने के आसान टिप्स

गाड़ी में बैठने से पहले कुछ देर खिड़कियां खोल दें ताकि गर्म हवा बाहर निकल जाए। AC ऑन करने के बाद रीसर्कुलेशन मोड का इस्तेमाल करें। ज्यादा कूलिंग से बचें और कोशिश करें कि गाड़ी छांव में पार्क करें या सनशेड का उपयोग करें।

कब क्या करें?

धीमी स्पीड पर खिड़कियां खोलना बेहतर है, जबकि तेज स्पीड पर AC चलाना ज्यादा फायदेमंद साबित होता है। सही तरीका आपकी ड्राइविंग स्थिति पर निर्भर करता है।

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