Explainer: जीत के दावों के बीच US को अरबों का नुकसान; जानिए क्या कहते हैं CSIS के असली आंकड़े?

US Military Equipment Loss: ईरान के साथ जारी युद्ध में अमेरिका को अब तक अरबों डॉलर का भारी नुकसान हुआ है। CSIS की रिपोर्ट के अनुसार, कई हाई-टेक रडार और घातक विमानों के नष्ट होने से हड़कंप मच गया है।
Explainer: Billions in Losses for the US Amid Claims of Victory; Why Is Trump Concealing the True Figures of Military Losses?
डोनाल्ड ट्रंप, कॉन्सेप्ट फोटो
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US Military Equipment Loss Explained: अमेरिका और ईरान के बीच जारी भीषण युद्ध अब एक ऐसे मोड़ पर पहुंच गया है जहां सुपरपावर अमेरिका को भारी आर्थिक और सैन्य कीमत चुकानी पड़ रही है।

रिपोर्टों के अनुसार, 28 फरवरी 2026 को शुरू हुए इस युद्ध में अब तक अमेरिका के अरबों डॉलर के सैन्य उपकरण मलबे में तब्दील हो चुके हैं। वाशिंगटन स्थित थिंक टैंक 'सेंटर फॉर स्ट्रैटेजिक एंड इंटरनेशनल स्टडीज' (CSIS) के आंकड़ों ने पूरी दुनिया को चौंका दिया है।

अमेरिका का ईरान में युद्ध में कितना नुकसान हुआ?

CSIS द्वारा जारी की गई पहली रिपोर्ट के अनुसार, युद्ध के शुरुआती 60 दिनों के भीतर अमेरिका ने लगभग 2.3 अरब डॉलर से 2.8 अरब डॉलर मूल्य के हवाई उपकरण खो दिए हैं। अल जजीरा की रिपोर्ट बताती है कि इस अनुमान में केवल हवाई संपत्तियां शामिल हैं, जबकि खाड़ी देशों में स्थित अमेरिकी सैन्य ठिकानों और नौसैनिक संपत्तियों को हुए नुकसान का आंकड़ा इससे भी कहीं अधिक हो सकता है।

ईरान युद्ध में अमेरिका को सबसे बड़ा नुकसान कहां हुआ?

इस युद्ध में अमेरिका को सबसे बड़ी चोट उसके अत्याधुनिक रडार सिस्टम के नष्ट होने से लगी है। 27 मार्च को सऊदी अरब के प्रिंस सुल्तान एयरबेस पर हुए हमले में अमेरिका का एक E-3 AWACS/E7 रडार विमान तबाह हो गया, जिसकी कीमत 700 मिलियन डॉलर (लगभग 5,800 करोड़ रुपये) थी।

यह विमान हवा में उड़ने वाला एक कमांड सेंटर था जो सैकड़ों किलोमीटर दूर से मिसाइलों का पता लगाने में सक्षम था। इसके अलावा, 'THAAD' मिसाइल डिफेंस सिस्टम के शक्तिशाली रडार भी ईरानी हमलों का शिकार हुए हैं, जिससे अमेरिका को करीब 970 मिलियन डॉलर तक का नुकसान हुआ है।

US Iran War Weapons Loss Data
अमेरिका-ईरान युद्ध में हथियारों के नुकसान का डेटा

दिलचस्प बात यह है कि इन भारी नुकसानों से ठीक एक दिन पहले, 26 मार्च को अमेरिकी रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ ने कैबिनेट बैठक में दावा किया था कि अमेरिकी सेना ने ईरान की सैन्य शक्ति को पूरी तरह बेअसर कर दिया है। हालांकि, उनके इस बयान के 24 घंटे के भीतर ही ईरान ने सऊदी अरब में अमेरिकी बेस पर ड्रोन और मिसाइल हमले कर दावों की हवा निकाल दी।

अमेरिका के कितने F-15 विमान गिरे?

रिपोर्ट में यह भी खुलासा हुआ है कि सारा नुकसान ईरानी हमलों से नहीं हुआ है। मार्च की शुरुआत में कुवैत में हुई 'फ्रेंडली फायर' (अपनी ही सेना की गलती से हुई फायरिंग) की एक घटना में अमेरिका के तीन F-15 लड़ाकू विमान गिर गए थे। सुरक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि ट्रंप प्रशासन आगामी नवंबर चुनावों के डर से इन नुकसानों के सटीक आंकड़े छिपाने की कोशिश कर रहा है।

अमेरिका को सबसे बड़ी हार कहां मिली?

सैन्य विशेषज्ञों के अनुसार, अमेरिका की सबसे बड़ी रणनीतिक विफलता 'स्ट्रेट ऑफ होर्मुज' को खुला रखने में नाकाम रहना रही है। हालांकि अमेरिका ने भी ईरानी बंदरगाहों की नाकेबंदी की है लेकिन ईरान की मिसाइल और ड्रोन क्षमता अभी भी बरकरार है। युद्ध के आज 61वें दिन भी स्थिति यह है कि ईरान की नौसेना भले ही कमजोर हुई हो लेकिन उसकी क्षमता अभी खत्म नहीं हुई है।

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