Iran Diplomats Expelled From US: अमेरिका और ईरान के बीच जारी तनाव कम होने का नाम नहीं ले रहा है। इसी बीच अमेरिका ने ईरान के खिलाफ एक बड़ी कार्रवाई की है। अमेरिका ने संयुक्त राष्ट्र महासभा (UN जनरल असेंबली) के लिए आए दो ईरानी राजनयिकों को देश से निकाल दिया है। अमेरिकी विदेश मंत्रालय ने महासभा खत्म होने के बाद दोनों को देश छोड़ने का आदेश दिया था।
यह घटना ऐसे समय में हुई, जब इससे ठीक एक दिन पहले अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने मीडिया से बात करते हुए कहा था कि ईरान के साथ जारी जंग बहुत जल्द खत्म होने वाली है। उन्होंने कहा कि यह जंग कुछ ही दिनों में खत्म हो जाएगी। लेकिन ईरान के पास कभी भी परमाणु हथियार नहीं होगा। बातचीत में स्ट्रेट ऑफ होर्मुज बड़ा मुद्दा बना हुआ है। अब ऐसे में ईरानी राजनयिकों को देश से निकाले जाने की घटना से तनाव बढ़ने की आशंका है।
एक अमेरिकी अधिकारी ने आगे कहा कि, विदेश मंत्री मार्को रुबियो अपनी बात के पक्के हैं। संयुक्त राष्ट्र महासभा खत्म होने के बहुत समय बाद भी ईरानी प्रतिनिधिमंडल के दो सदस्य न्यूयॉर्क में थे। लेकिन अब उन्हें अमेरिका से बाहर निकाल दिया गया है।
जानकारी के मुताबिक, दोनों ईरानी राजनयिकों ने इन आदेशों की अनदेखी की और अमेरिका में ही रूके हुए थे। इसके बाद विदेश मंत्रालय ने दोनों को अमेरिका से बाहर निकाल दिया। अमेरिकी अधिकारी ने बताया कि एक राजनयिक शुक्रवार रात और दूसरा शनिवार सुबह न्यूयॉर्क से रवाना हुआ। उन्होंने कहा कि महासभा में शामिल ईरान के प्रतिनिधिमंडल के दो सदस्यों को पहले ही देश छोड़कर जाने के लिए कहा गया था, लेकिन उन्होंने इसकी अनदेखी की। इसके बाद विदेश मंत्रालय ने इन पर कार्रवाई करते हुए उन्हें शनिवार को देश से निकाल दिया।
ईरान ने मध्यस्थों के जरिए अमेरिका को स्ट्रेट ऑफ होर्मुज खोलने के लिए अपनी तीन शर्तें भेजी हैं। इसके तहत अगर अमेरिका ईरानी बंदरगाहों की नाकाबंदी हटाता है, फ्रीज की गई ईरानी संपत्तियां जारी करता है और ईरानी तेल की बिक्री पर लगे प्रतिबंधों में राहत देता है। तो वह अगले सात दिनों के अंदर स्ट्रेट ऑफ होर्मुज का रास्ता खोल सकता है।
हालांकि, राष्ट्रपति ट्रंप ने इस प्रस्ताव को खारिज कर दिया है। उन्होंने दावा किया था कि ईरान खराब स्थिति में होने की वजह से समझौता करना चाहता है। ईरान का प्रस्ताव स्वीकार नहीं किया जाएगा। इसके बाद भी मध्यस्थ दोनों देशों के बीच युद्ध खत्म करवाने और होर्मुज स्ट्रेट को फिर खोलने की कोशिश में जुटे हैं।