

PM Modi 75th Birthday: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 17 सितंबर को 75वां जन्मदिन माना रहे हैं। इस दौरान दुनियाभर के नेताओं ने सोशल मीडिया के माध्यम से उन्हें बधाई संदेश भेजे। वहीं, रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन बाकी नेताओं से एक कदम आगे बढ़ते हुए फोन करके जन्मदिन की बधाई दी। इस दौरान दोनों नेताओं ने कई अहम मुद्दों पर बातचीत की।
इस बात की जानकारी देते हुए प्रधानमंत्री मोदी सोशल मीडिया प्लेटफाॅर्म एक्स पर लिखा, मेरे मित्र, राष्ट्रपति पुतिन, मेरे 75वें जन्मदिन पर आपके फोन कॉल और हार्दिक शुभकामनाओं के लिए धन्यवाद। हम अपनी विशेष और विशेषाधिकार प्राप्त रणनीतिक साझेदारी को और मजबूत करने के लिए प्रतिबद्ध हैं। भारत यूक्रेन संघर्ष के शांतिपूर्ण समाधान के लिए हर संभव योगदान देने के लिए तैयार है।
इससे पहले रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को उनके 75वें जन्मदिन पर शुभकामनाएं दीं और भारत-रूस द्विपक्षीय संबंधों को मजबूत करने में उनके व्यक्तिगत प्रयासों की सराहना की। क्रेमलिन की वेबसाइट पर प्रकाशित एक बधाई संदेश में पुतिन ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी दोनों देशों के बीच विशेष और रणनीतिक साझेदारी को गहरा करने में अहम भूमिका निभा रहे हैं। जानकारी के मुताबिक, पुतिन ने कहा, "आप हमारे देशों के बीच विशेषाधिकार प्राप्त रणनीतिक साझेदारी को सशक्त बनाने और विभिन्न क्षेत्रों में परस्पर लाभकारी सहयोग को आगे बढ़ाने में उल्लेखनीय योगदान दे रहे हैं।"
पीएम मोदी और राष्ट्रपति पुतिन पिछले महीने चीन के शहर तियानजिन में आयोजित शंघाई सहयोग संगठन (SCO) के शिखर सम्मेलन में मिले थे। इस दौरान दोनों ने पुतिन की कार में करीब 40 मिनट तक सीक्रेट मीटिंग की थी। दोनों की कार में बैठते हुए कई वीडियो वायरल हुए थे। जिसने अमेरिका और राष्टपति डोनाल्ट ट्रंप की निंद कुछ देर के लिए उड़ा दी थी। हालांकि, SCO सम्मेलन के दौरान ही पुतिन ने मीडिया को बताया कि कार उन्होंने पुतिन के साथ अलास्का में हुई मुलाकात के बारे में जानकारी दी थी।
प्रधानमंत्री मोदी को उनके जन्मदिन पर दुनिया भर से शुभकामनाएं मिलीं। इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू और इटली की प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी समेत कई अंतरराष्ट्रीय नेताओं ने उन्हें बधाई दी। इसके एक दिन पहले, अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने उन्हें फोन कर जन्मदिन की शुभकामनाएं दीं। इस बातचीत को अमेरिका और भारत के बीच तनावपूर्ण व्यापार संबंधों में संभावित सुधार के संकेत के तौर पर देखा जा रहा है, खासकर तब जब वाशिंगटन ने हाल ही में भारतीय उत्पादों पर टैरिफ बढ़ाकर 50 प्रतिशत कर दिया था।