पाकिस्तान में खदान में धमाके से 7 की मौत, खैबर पख्तूनख्वा में हमले में 11 पुलिसवालों की मौत
Pakistan Attacks: पाकिस्तान के बलूचिस्तान में कोयला खदान धमाके में 7 खनिकों की मौत हो गई और 41 फंसे हैं। वहीं खैबर पख्तूनख्वा में पुलिस पर हुए एक भीषण हमले में 11 पुलिसकर्मी मारे गए हैं।
- Written By: प्रिया सिंह
बलूचिस्तान कोयला खदान में धमाका (सोर्स- सोशल मीडिया)
Pakistan Attacks 7 Miners Dead In Coal Mine Blast And 11 Cops Killed In Khyber Pakhtunkhwa Ambush: पाकिस्तान में इन दिनों चारों तरफ भारी अस्थिरता और हिंसा का माहौल पूरी तरह से फैला हुआ है। दक्षिण-पश्चिम पाकिस्तान के बलूचिस्तान प्रांत में एक बहुत ही दर्दनाक कोयला खदान हादसा सामने आया है। इस भयानक खदान धमाके में कम से कम 7 खनिकों की दर्दनाक मौत हो गई है। वहीं 41 अन्य खनिक अभी भी जमीन के नीचे बहुत गहराई में फंसे हुए हैं।
हादसे के बाद बचाव दल तुरंत मौके पर पहुंच गया है और फंसे हुए लोगों को निकालने की कोशिश कर रहा है। सरकारी खदान निरीक्षक गनी बलोच ने बताया कि यह बड़ा धमाका क्वेटा के बाहरी इलाके में हुआ। इसके अलावा खैबर पख्तूनख्वा प्रांत में भी एक बहुत ही खौफनाक आतंकी हमला हुआ है। इस हमले में 11 पुलिस अधिकारियों की मौत हो गई और कई अन्य बुरी तरह घायल हुए हैं।
मीथेन गैस से हुआ धमाका
खदान निरीक्षक गनी बलोच के अनुसार इस जानलेवा धमाके के कुछ घंटों बाद 7 खनिकों के शव बरामद कर लिए गए। अधिकारियों का मानना है कि खदान के अंदर यह बड़ा धमाका मीथेन गैस जमा होने की वजह से हुआ था। प्रांतीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण और अन्य आपातकालीन दल तेजी से अपना बचाव अभियान चला रहे हैं। खदान के अंदर मीथेन गैस विस्फोट के बाद ऑक्सीजन का स्तर लगभग शून्य हो जाता है।
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बचाव कार्य लगातार जारी
ऑक्सीजन खत्म होने के कारण फंसे हुए खनिकों के जीवित बचने की संभावना काफी ज्यादा कम हो जाती है। इसके बावजूद बचावकर्मी खदान के अंदर बहुत ही ज्यादा सावधानी के साथ आगे बढ़ रहे हैं। अधिकारियों ने यह नहीं बताया है कि खनिक जमीन के नीचे कितनी गहराई में काम कर रहे थे। लेकिन उनका कहना है कि जब तक सभी 41 खनिक नहीं मिल जाते, तब तक यह बचाव अभियान जारी रहेगा।
पुलिस चेकपॉइंट पर बड़ा हमला
बलूचिस्तान हादसे के अलावा बुधवार रात खैबर पख्तूनख्वा प्रांत में एक बहुत ही बड़ा आतंकी हमला हुआ है। अफगान सीमा के पास मौजूद हंगू जिले में एक पुलिस चेकपॉइंट पर घात लगाकर अचानक हमला किया गया। हमलावरों ने पुलिस पोस्ट को निशाना बनाने के लिए पहले विस्फोटक से लदे हुए क्वाडकॉप्टर का इस्तेमाल किया। इसके बाद सुरक्षा बलों और हमलावरों के बीच कई घंटों तक भारी गोलीबारी चलती रही।
हमले में 11 पुलिसकर्मी शहीद
इस भीषण गोलीबारी में 11 पुलिस अधिकारियों की जान चली गई और 28 अन्य लोग गंभीर रूप से घायल हुए हैं। मारे गए लोगों में डिप्टी सुपरिटेंडेंट दियार खान भी शामिल हैं जो अतिरिक्त बल लेकर घटनास्थल पर पहुंचे थे। जवाबी कार्रवाई में सुरक्षा बलों ने भी 15 हमलावरों को मार गिराया है, हालांकि उन्हें भारी नुकसान उठाना पड़ा। हमलावरों ने पुलिस की तीन गाड़ियों में आग लगा दी और एक गाड़ी लूटकर अपने साथ ले गए।
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देश में अस्थिरता का माहौल
पाकिस्तान में पिछले कुछ समय से पूरे देश में बहुत ही ज्यादा अस्थिरता और हिंसा का माहौल देखा जा रहा है। एक तरफ बलूचिस्तान में खदान हादसों और हमलों से आम जनता बुरी तरह से परेशान और खौफजदा है। दूसरी तरफ पाकिस्तानी कब्जे वाले कश्मीर में भी पिछले एक महीने से लगातार बड़े प्रदर्शन चल रहे हैं। हर दिन हो रहे इन जानलेवा हादसों और हमलों ने पाकिस्तान सरकार की सुरक्षा व्यवस्था पर बड़े सवाल खड़े किए हैं।
