भारत के बिना नहीं होता QUAD...पूर्व अमेरिकी मंत्री का खुलासा, मोदी के लिए जिद पर अड़े थे जो बाइडन

India US QUAD News: पूर्व अमेरिकी उप विदेश मंत्री कर्ट कैंपबेल ने खुलासा किया है कि भारत QUAD समूह की असली ताकत है और पीएम मोदी ने पर्दे के पीछे से इस गठबंधन की अगुवाई की है।
US India Relations QUAD
अमेरिका के पूर्व उप विदेश मंत्री कर्ट एम. कैंपबेल (फाइल फोटो, सोर्स- सोशल मीडिया)
Updated on

US India Relations QUAD: अमेरिका के पूर्व उप विदेश मंत्री कर्ट एम. कैंपबेल ने हाल ही में QUAD समूह में भारत की महत्वपूर्ण भूमिका को लेकर बड़ा खुलासा किया है। उन्होंने भारत को इसे समूह के पीछे की मुख्य ताकत बताया है। कैंपबेल ने कहा कि भारत ने QUAD के आकार और दिशा को तय करने में निर्णायक भूमिका निभाई है। कैंपबेल ने यह टिप्पणी गुरुवार को अमेरिकी समयानुसार हडसन इंस्टीट्यूट में आयोजित एक कार्यक्रम में की। 

कर्ट एम. कैंपबेल ने यह भी बताया कि राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के पहले कार्यकाल के दौरान, जब चीन और भारत के बीच LAC (लाइन ऑफ एक्चुअल कंट्रोल) पर तनाव बढ़ा था, अमेरिकी प्रशासन ने भारत को आवश्यक इंटेलिजेंस और रणनीतिक जानकारी प्रदान करने का निर्णय लिया।

पर्दे की पीछे भारत ने की थी अगुवाई

कैंपबेल ने कहा कि QUAD समूह में पर्दे के पीछे से अगुवाई करने वाला देश भारत था। उन्होंने बताया कि राष्ट्रपति जो बाइडन ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को QUAD लीडर लेवल बैठक में शामिल करने के लिए एक घंटे से अधिक समय तक वार्ता और समझाने का प्रयास किया। कैंपबेल के अनुसार, बाइडन ने मोदी पर तब तक जोर डाला जब तक उन्होंने शामिल होने का वादा नहीं किया। उन्होंने कहा, “मोदी ने अंततः कहा, मैं वादा करता हूं कि मैं ऐसा करूंगा, बस आप मुझ पर जोर डालना बंद करें।”

पूर्व अमेरिकी अधिकारी ने भारत-अमेरिका संबंधों की मौजूदा स्थिति पर भी चिंता व्यक्त की। उन्होंने कहा कि इस रिश्ते की मजबूती के लिए आपसी सम्मान एक बुनियादी सिद्धांत होना चाहिए। उन्होंने कहा, “कुछ हद तक यह परेशान करने वाली बात है कि हमें आपसी सम्मान की याद दिलानी पड़ रही है। मैंने कभी नहीं सोचा था कि अमेरिका-भारत संबंध कभी इस मोड़ पर पहुंचेंगे। लेकिन मैं मानता हूं कि हम यहां पहुंच गए हैं और मेरा पक्का मानना है कि यह बुनियादी सिद्धांत बेहद जरूरी है।”

भारत के होने से QUAD की ताकत में इजाफा

कैंपबेल ने यह भी कहा कि QUAD में भारत की सक्रिय भागीदारी समूह की ताकत को बढ़ाती है और क्षेत्रीय स्थिरता के लिए निर्णायक साबित होती है। उनके अनुसार, भारत की पहल से ही QUAD जैसे कई बहुपक्षीय सहयोगात्मक ढांचे को आकार और दिशा मिली। यह बयान ऐसे समय में आया है जब ट्रंप QUAD से दूरी बनाते दिख रहे हैं, जिससे अमेरिकी रणनीतिक दृष्टिकोण में बदलाव और भारत के महत्व को लेकर नई चर्चाओं को बल मिला है।

Navbharat Live
navbharatlive.com