Japan Gold Reserve: समंदर में 700 मीटर नीचे मिला सोने का विशाल खजाना, चट्टानों में है अपार भंडार

Japan Gold Reserve: जापान की राजधानी टोक्यो से 360 किमी दूर समुद्र में 700 मीटर गहराई पर सोने का विशाल भंडार मिला है। यह सोना ज्वालामुखी क्षेत्र के पत्थरों में परमाणु स्तर पर छिपा है।
Japan Gold Reserve: Huge Amount Of Hidden Gold Discovered By Scientists Under Ocean Near Tokyo Now
जापान में समुद्र में मिला सोना (सोर्स-सोशल मीडिया)
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Huge Japan Gold Reserve: भारत में सोने की कीमत इन दिनों 1 लाख 40 हजार रुपये से ज्यादा चल रही है। ऐसे में किसी देश को सोने का बड़ा भंडार मिल जाए तो उसकी किस्मत पूरी तरह से चमक सकती है। जापान ने अपनी समुद्री सीमा में ऐसा ही एक बहुत बड़ा और ऐतिहासिक कारनामा कर दिखाया है। वैज्ञानिकों ने समुद्र की गहराई में 700 मीटर नीचे सोने का एक बहुत ही बड़ा और दुर्लभ खजाना सफलतापूर्वक खोज निकाला है।

दुनिया के इस सबसे बड़े सोने के खजाने को खोजने में जापान के वैज्ञानिकों ने बहुत बड़ी कामयाबी हासिल की है। यह असाधारण भंडार राजधानी टोक्यो से 360 किमी दूर गहरे समुद्र में मिला है। सबसे खास बात यह है कि फूल गोल्ड के भीतर असली सोने का यह बहुत बड़ा खजाना छिपा हुआ है। यह कोई आम सोना नहीं है बल्कि वहां मौजूद भारी पत्थरों के अंदर बिल्कुल परमाणु स्तर पर मौजूद है।

समुद्र की सतह पर खजाना

समुद्र की सतह पर ज्वालामुखी वाले क्षेत्र में सोने का यह विशाल और बहुमूल्य भंडार पूरी तरह से पाया गया है। हाइड्रोथर्मल क्षेत्र में वैज्ञानिकों द्वारा सोने की यह बहुत ही महत्वपूर्ण खोज हाल ही में की गई है। यहां खनिजों से भरपूर तरल पदार्थ समुद्र की सतह पर ऊंची चिमनी जैसी विशेष संरचनाएं हर समय बनाते हैं। इसके अलावा यहां सल्फाइड की बहुत घनी परतें भी बनती हैं जो इस कीमती खजाने को अपने अंदर सुरक्षित रखती हैं।

खनिजों के अंदर छिपा है सोना

समुद्र के नीचे मौजूद इन विशेष हाइड्रोथर्मल वेंट्स के आसपास सोना मिलने की अहम बात वैज्ञानिकों को पता थी। लेकिन अब जाकर पता चला है कि इस खास जगह पर छिपा हुआ सोना पिछले सभी रिकॉर्ड से बहुत ज्यादा है। यह कीमती सोना साफ दिखने वाले टुकड़ों के रूप में नहीं बल्कि आम दिखने वाले खनिजों के अंदर मौजूद है। इन खनिजों में इतनी भारी मात्रा में सोना मिलने से दुनिया भर के वैज्ञानिक भी पूरी तरह से आश्चर्यचकित रह गए हैं।

रोबोटिक पनडुब्बियों से परीक्षण

पत्थर के अंदर इस तरह से छिपा हुआ सोना देखकर सभी वैज्ञानिक बहुत ही ज्यादा अचंभित महसूस कर रहे हैं। सोने के इस भंडार का पता लगाने वाले वैज्ञानिकों ने आधुनिक रोबोटिक पनडुब्बियों की बहुत ही बड़ी मदद ली है। इन पनडुब्बियों से समुद्र के नीचे से पत्थर के जरूरी सैंपल इकट्ठा करके लैब में इनमें बारीकी से छेद किया गया। इसके बाद सेकेंडरी-आयन मास स्पेक्ट्रोमेट्री तकनीक का इस्तेमाल करके इन नमूनों का बहुत ही अच्छे से परीक्षण पूरा किया गया।

खदानों से बिल्कुल अलग सोना

लैब में हुई इस गहन जांच से पता चला है कि समुद्र के इन पत्थरों में सोने की मात्रा बहुत अधिक है। आम तौर पर दुनिया भर की सोने की खदानों में मिलने वाला गोल्ड सिर्फ दानों या टुकड़ों में पाया जाता है। लेकिन समुद्र में मिला यह सोना एकदम अलग है जो सीफ्लोर पाइराइट के क्रिस्टल लैटिस में पूरी तरह मौजूद है। यह खनिज में फंसे टुकड़ों के रूप में नहीं बल्कि क्रिस्टल स्ट्रक्चर में बिल्कुल परमाणु दर परमाणु अच्छी तरह बना हुआ था।

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