Syria Buffer Zone: सीरिया में इजरायली सेना का भारी विरोध, बफर जोन में स्थानीय लोगों ने किया पथराव
Syria Buffer Zone: दक्षिणी सीरिया के अब्दिन गांव में इजरायली सैनिकों और स्थानीय लोगों के बीच भारी बवाल हुआ है। 245 वर्ग किलोमीटर के बफर जोन पर इजरायल के कब्जे से सीरियाई लोग बेहद नाराज हैं।
- Written By: प्रिया सिंह
सीरिया इजरायल बफर जोन (सोर्स-सोशल मीडिया)
Israel Syria Buffer Zone Update: सीरिया में इजरायली बफर जोन के तहत दक्षिणी सीरिया के अब्दिन गांव में हालात बहुत ज्यादा तनावपूर्ण हो गए हैं। स्थानीय लोगों और इजरायली सेना के बीच हाल ही में बहुत भारी बवाल देखने को मिला है। गुस्साए सीरियाई नागरिकों ने इजरायली सैन्य वाहनों को रोकने के लिए सड़कों पर चट्टानें डाल दीं और जमकर पत्थरबाजी की। इसके जवाब में इजरायली सैनिकों ने भी प्रदर्शनकारियों को डराने के लिए गोलियां चलाईं और बाद में गांव पर तोपखाने से गोले दागे।
संयुक्त राष्ट्र की निगरानी वाले 245 वर्ग किलोमीटर के बफर जोन पर इजरायल के कब्जे से यह पूरा विवाद शुरू हुआ है। अब्दिन गांव में रहने वाले लोगों का कहना है कि इजरायली सैनिक अक्सर उनके घरों में जबरन घुसते हैं और महिलाओं व बच्चों को डराते हैं। इस इलाके में पिछले 24 घंटों के भीतर हिंसा की दो बड़ी घटनाएं सामने आ चुकी हैं जिससे दहशत का माहौल है। सुरक्षा वार्ता रुकने के कारण इस सीमावर्ती क्षेत्र से बड़ी संख्या में लोग अपना घर छोड़कर पलायन करने को मजबूर हो रहे हैं।
लगातार हो रही है भारी झड़प
अब्दिन गांव में हुई यह हिंसक झड़प पिछले 24 घंटों के अंदर तनाव की दूसरी बहुत बड़ी घटना थी। इससे पहले इजरायली सेना ने दक्षिणी सीरिया में दो बंदूकधारियों को मार गिराने का बहुत बड़ा दावा किया था। सीरियाई गांव हादर के मेयर इमाद हसून के अनुसार एक पिकअप ट्रक पर हमले में दो अज्ञात लोग मारे गए। इजरायली सैनिक इन दोनों अज्ञात लोगों के शवों को अपने साथ लेकर चले गए हैं जिससे गुस्सा और बढ़ गया है।
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गांव वालों में खौफ का माहौल
स्थानीय निवासी मोहम्मद अल-हसन ने बताया कि इजरायली सैनिक नियमित रूप से बख्तरबंद गाड़ियों में गांव आते हैं। वे पूरे गांव में घूमते हैं और लोगों के घरों का दरवाजा न खोलने पर उसे जबरन तोड़कर अंदर घुस जाते हैं। सैनिकों की इस डरावनी कार्रवाई से गांव की महिलाओं और मासूम बच्चों में बहुत ज्यादा खौफ पैदा हो गया है। तोपखाने से दागे गए गोलों के डर से अब्दिन के कई नागरिक सोमवार को भी अपने घरों में वापस नहीं लौट सके।
बफर जोन पर इजरायल का कब्जा
दिसंबर 2024 में बशर अल-असद के सत्ता से हटने के बाद इजरायल ने इस बफर जोन को नियंत्रण में लिया था। इजरायल का कहना है कि उग्रवादी हमलों को रोकने के लिए इस रणनीतिक क्षेत्र पर कब्जा बनाए रखना जरूरी है। सीरिया के पूर्व राष्ट्रपति अहमद अल-शराअ ने गोलाबारी की कड़ी निंदा करते हुए इजरायल से पीछे हटने की मांग की है। 66 वर्षीय किसान सोभी अल-तवलबी ने बताया कि सैन्य तनाव के कारण किसान अपनी फसलों तक नहीं पहुंच पा रहे हैं।
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ठप पड़ी है जरूरी सुरक्षा वार्ता
लोगों को उम्मीद थी कि अमेरिका की मध्यस्थता में फ्रांस में होने वाली सुरक्षा वार्ता से तनाव काफी कम होगा। लेकिन फिलहाल दोनों देशों के बीच यह महत्वपूर्ण कूटनीतिक बातचीत पूरी तरह से रुक गई है जिससे निराशा है। सुरक्षा की कमी, रोजगार के अभाव और बिजली-पानी की भारी किल्लत के कारण लोग तेजी से पलायन कर रहे हैं। सीरियाई नागरिकों का कहना है कि वे किसी के लिए खतरा नहीं हैं और सिर्फ शांतिपूर्ण जीवन जीना चाहते हैं।
