ट्रंप की डेडलाइन के बाद भड़का ईरान; होर्मुज को बताया 'नो-गो जोन', 3 विदेशी जहाजों को भी खदेड़ा

US Iran War: ईरान ने होर्मुज को 'नो-गो जोन' घोषित कर तीन विदेशी जहाजों को वापस लौटा दिया है। ट्रंप के शांति दावों को खारिज करते हुए ईरान ने अमेरिकी ठिकानों पर हमलों की चेतावनी दी है।
Iran Flares Up After Trump's Deadline; Declares Hormuz a 'No-Go Zone' and Repels 3 Foreign Ships
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप, फोटो (सो. सोशल मीडिया)
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Iran Strait Of Hormuz News: पश्चिम एशिया में जारी युद्ध के बीच तनाव एक बार फिर चरम पर पहुंच गया है। ईरान के रिवोल्यूशनरी गार्ड्स (IRGC) ने शुक्रवार को दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण समुद्री रास्तों में से एक Strait of Hormuz को अपने दुश्मनों के लिए पूरी तरह बंद करने का ऐलान कर दिया है। ईरान ने इसे 'नो-गो जोन' घोषित करते हुए स्पष्ट किया है कि जो भी देश अमेरिका या इजरायल का साथ देगा उसके जहाजों को इस संकरे रास्ते से गुजरने की अनुमति नहीं दी जाएगी।

ट्रंप के दावों को बताया 'सफेद झूठ'

यह घटनाक्रम अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के उस दावे के ठीक उलट है जिसमें उन्होंने कहा था कि ईरान के साथ बातचीत का रास्ता खुला है और तेहरान नरम पड़ रहा है। गुरुवार को ट्रंप ने दावा किया था कि ईरान ने सद्भावना दिखाते हुए 10 ऑयल टैंकरों को रास्ता दिया है, जिसे उन्होंने शांति वार्ता की दिशा में एक बड़ी प्रगति बताया था। हालांकि, IRGC ने अपनी आधिकारिक वेबसाइट ‘सिपाह न्यूज’ पर ट्रंप को 'भ्रष्ट राष्ट्रपति' करार देते हुए उनके दावों को पूरी तरह से 'सफेद झूठ' बताया है। ईरान का कहना है कि उनके दुश्मनों के पोर्ट्स से जुड़े किसी भी जहाज के लिए यह रास्ता बंद है।

तीन विदेशी जहाजों को भेजा वापस

शुक्रवार सुबह IRGC की कार्रवाई में तीन विदेशी जहाजों को होर्मुज पार करने से रोक दिया गया और उन्हें वापस लौटने पर मजबूर कर दिया गया। इंटेलिजेंस फर्म केपलर के आंकड़ों के मुताबिक, खदेड़े गए जहाजों में चीन की कंपनी कोस्को (COSCO) के दो कंटेनर जहाज भी शामिल थे। ये जहाज पिछले एक महीने से खाड़ी में फंसे हुए थे और जैसे ही इन्होंने रास्ता पार करने की कोशिश की ईरानी सेना ने उन्हें सैन्य ताकत के बल पर रोक दिया। युद्ध शुरू होने के बाद यह पहली बार है जब किसी बड़े कैरियर को इस तरह सीधे तौर पर खदेड़ा गया है।

अमेरिकी ठिकानों के लिए चेतावनी

ईरान की आक्रामकता अब केवल समुद्र तक सीमित नहीं है। IRGC ने मिडिल ईस्ट में रह रहे आम नागरिकों के लिए एक बेहद गंभीर एडवाइजरी जारी की है। ईरान ने लोगों से उन इलाकों और होटलों से तुरंत दूर चले जाने को कहा है जहां अमेरिकी सेना तैनात है। ईरान ने सीधे तौर पर चेतावनी दी है कि वह अमेरिकी सैनिकों के ठिकानों को निशाना बना सकता है। इसी बीच, कुवैत के मुख्य कमर्शियल पोर्ट पर तड़के हुए ड्रोन हमले ने इस खतरे को और भी वास्तविक बना दिया है जिससे वहां भारी नुकसान की खबर है।

6 अप्रैल की डेडलाइन

होर्मुज जलडमरूमध्य वैश्विक तेल आपूर्ति की जीवन रेखा है। यदि ईरान इस रास्ते को लंबे समय तक बंद रखता है तो दुनिया भर में पेट्रोल और डीजल की कीमतें अनियंत्रित रूप से बढ़ सकती हैं। राष्ट्रपति ट्रंप ने ईरान को चेतावनी दी है कि यदि 6 अप्रैल तक होर्मुज का रास्ता नहीं खोला गया तो ईरान के ऊर्जा ठिकानों को तबाह कर दिया जाएगा। हालांकि, ईरान फिलहाल झुकने के मूड में नहीं दिख रहा है और उसने अपनी शर्तों पर ही युद्ध विराम की बात कही है।

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