

Himanshi Murder Abdul Arrested: कनाडा के टॉरंटो में हुए हिमांशी खुराना हत्याकांड के मुख्य आरोपी अब्दुल गफूरी को सात महीनों के बाद गिरफ्तार कर लिया गया है। आरोपी अब्दुल गिरफ्तार होने के पहले कई देशों में अपनी पहचान छिपाकर रह रहा था।
टॉरंटो पुलिस के मुताबिक यह पूरी वारदात घरेलू हिंसा का नतीजा थी। आरोपी अब्दुल पर कनाडा में फर्स्ट-डिग्री मर्डर का संगीन मामला दर्ज किया गया है। मृतका हिमांशी और आरोपी अब्दुल लंबे समय से रिलेशनशिप में थे, लेकिन किसी आपसी विवाद के बाद अब्दुल ने इस जघन्य हत्याकांड को अंजाम दिया था।
यह दुखद घटना दिसंबर 2025 की है जब 19 दिसंबर की रात करीब 10:41 बजे पुलिस को भारतीय युवती हिमांशी खुराना के लापता होने की सूचना मिली थी। पुलिस ने तुरंत सर्च ऑपरेशन शुरू किया और अगली सुबह यानी 20 दिसंबर को तड़के 6:30 बजे पुलिस ने एक मकान से हिमांशी का शव बरामद किया था।
जांचकर्ताओं के अनुसार, टॉरंटो में साल 2025 में दर्ज हुई यह हत्या का 40वां मामला था। हिमांशी का शव मिलने के बाद से ही आरोपी अब्दुल गफूरी गायब था। पुलिस ने उसकी गिरफ्तारी के लिए पूरे देश में वारंट जारी किया था और आम लोगों से भी संदिग्ध का पता लगाने के लिए मदद मांगी थी।
अब्दुल को पकड़ने के लिए टॉरंटो पुलिस की होमिसाइड यूनिट और फरार आरोपियों को पकड़ने वाले दस्ते ने कई एजेंसियों के साथ मिलकर जाल बिछाया था। इस बड़े ऑपरेशन में इंटरपोल का भी सहयोग लिया गया था। अंतरराष्ट्रीय एजेंसियों की मदद से आरोपी की लोकेशन को लगातार ट्रैक किया जा रहा था।
कड़ी मशक्कत और अंतरराष्ट्रीय सहयोग के बल पर आखिरकार शुक्रवार को जैसे ही आरोपी अब्दुल कनाडा लौटा, पुलिस ने उसे दबोच लिया। उसे टॉरंटो एयरपोर्ट पर उतरते ही गिरफ्तार कर लिया गया। हालांकि, पुलिस ने अभी तक यह खुलासा नहीं किया है कि आरोपी इतने महीनों तक किस देश में छिपा हुआ था।
इस सनसनीखेज गिरफ्तारी के बाद अब कनाडाई पुलिस आरोपी अब्दुल गफूरी से गहन पूछताछ कर रही है ताकि इस मामले की पूरी सच्चाई सामने आ सके। इससे पहले पुलिस ने आरोपी की तस्वीर जारी कर पूरे देश में वारंट निकाला था। पुलिस के अनुसार यह पूरी वारदात घरेलू हिंसा का नतीजा थी, जिसके सुराग तलाशे जा रहे हैं।
कनाडा पुलिस ने कहा है कि फर्स्ट-डिग्री मर्डर के संगीन मामले के तहत आरोपी को कड़ी सजा दिलाने के लिए पुख्ता कानूनी कार्रवाई की जाएगी। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बिछाए गए जाल और महीनों के कड़े सर्च ऑपरेशन के बाद आरोपी को पकड़ना पुलिस के लिए एक बहुत बड़ी कामयाबी मानी जा रही है।