ब्रिटेन ने बिगाड़ा पुतिन का खेल; फ्रांस ने समंदर में पकड़ा रूसी टैंकर, मैक्रों बोले- 'नहीं सहेंगे उल्लंघन'

France Seizes Russian Oil Tanker: फ्रांसीसी नौसेना ने भूमध्य सागर में रूस के एक संदिग्ध तेल टैंकर को जब्त किया है। जहाज पर सवार भारतीय क्रू सदस्य अब इस कूटनीतिक विवाद के बीच फंस गए हैं।
Britain spoiled Putin's plans; France seized a Russian tanker at sea, and Macron said, "We will not tolerate violations."
फ्रांस ने समंदर में पकड़ा रूसी टैंकर, कॉन्सेप्ट फोटो
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Russian Shadow Fleet France Seizes: यूक्रेन युद्ध के बीच पश्चिमी देशों ने रूस की आर्थिक कमर तोड़ने के लिए घेराबंदी तेज कर दी है। इसी कड़ी में, अमेरिका के बाद अब फ्रांस ने पुतिन को बड़ा झटका देते हुए भूमध्य सागर में रूस के एक संदिग्ध तेल टैंकर को रोक लिया है।

फ्रांसीसी अधिकारियों के अनुसार, यह जहाज रूस की उस 'शैडो फ्लीट' का हिस्सा बताया जा रहा है जिसका उपयोग अंतरराष्ट्रीय प्रतिबंधों को दरकिनार कर तेल बेचने और यूक्रेन युद्ध के लिए धन जुटाने के लिए किया जाता है।

समंदर में फंसे भारतीय नाविक

पकड़े गए इस जहाज का नाम ‘ग्रिंच’ बताया गया है। सबसे चिंताजनक बात यह है कि इस जहाज का पूरा क्रू भारतीय बताया गया है। जहाज के जब्त होने के बाद ये भारतीय नाविक अब बीच समंदर में फंस गए हैं। फ्रांस की नौसेना वर्तमान में इस टैंकर को बंदरगाह तक एस्कॉर्ट कर रही है जहां चालक दल और जहाज के दस्तावेजों की विस्तृत जांच की जाएगी।

खुफिया जानकारी और फर्जी झंडे का खेल

यह ऑपरेशन पश्चिमी भूमध्य सागर में स्पेन के अल्मेरिया तट के पास अंजाम दिया गया। अधिकारियों ने बताया कि ब्रिटेन से मिली खुफिया जानकारी के आधार पर फ्रांस की नौसेना ने इस जहाज पर नजर रखी और इसे रोका। शक है कि यह जहाज अपनी असली पहचान छिपाने के लिए पूर्वी अफ्रीका के पास स्थित कोमोरोस द्वीपसमूह के झंडे का गलत इस्तेमाल कर रहा था।

विशेषज्ञों का कहना है कि रूस की 'शैडो फ्लीट' में 400 से ज्यादा जहाज शामिल हैं जो अक्सर जाली कागजात और जटिल समुद्री मार्गों का उपयोग करते हैं ताकि तेल के असली स्रोत का पता न चल सके।

मैक्रों की चेतावनी: नहीं सहेंगे उल्लंघन

फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों ने इस कार्रवाई की पुष्टि करते हुए सोशल मीडिया पर एक तस्वीर साझा की, जिसमें फ्रांसीसी हेलीकॉप्टर जहाज के ऊपर मंडराता दिख रहा है। मैक्रों ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि हम किसी भी उल्लंघन को बर्दाश्त नहीं करेंगे।

उन्होंने जोर देकर कहा कि रूस की ये गुप्त गतिविधियां यूक्रेन के खिलाफ सैन्य आक्रामकता को वित्तीय मजबूती प्रदान करती हैं जिसे रोकना अंतरराष्ट्रीय कानून के लिए आवश्यक है। तेल से होने वाली यह कमाई रूस की अर्थव्यवस्था की रीढ़ है, जो पुतिन को घरेलू महंगाई बढ़ाए बिना युद्ध जारी रखने में मदद करती है।

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