पूर्व IAEA चीफ अल-बरदेई (सोर्स- सोशल मीडिया)
Former IAEA Chief Warns UN on Trump: इजरायल-अमेरिका और ईरान के बीच जारी भीषण संघर्ष के बीच अंतरराष्ट्रीय परमाणु ऊर्जा एजेंसी (IAEA) के पूर्व महानिदेशक मोहम्मद अल-बरदेई ने खाड़ी देशों और संयुक्त राष्ट्र से अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को रोकने की अपील की है। ईरान की इस्लामिक रिपब्लिक न्यूज एजेंसी (IRNA) के अनुसार अल-बरदेई ने कहा, “इस पागल को तत्काल किसी भी तरह पूरी ताकत लगाकर रोको, इससे पहले कि वह पूरे मिडिल-ईस्ट क्षेत्र को आग के गोले में न बदल दे।”
अल-बरदेई ने ट्रंप की ईरान नीति की कड़ी निंदा की और खाड़ी देशों और संयुक्त राष्ट्र से तुरंत हस्तक्षेप की अपील की। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा, “खाड़ी देशों के सरकारों से मेरी अपील है- कृपया अपने पूरे सामर्थ्य से ट्रंप को रोकने का प्रयास करें, इससे पहले कि यह पागल पूरे क्षेत्र को आग की गेंद में बदल दे।” एक अंग्रेजी पोस्ट में उन्होंने सीधे संयुक्त राष्ट्र से पूछा, “क्या इस पागलपन को रोकने के लिए कुछ भी नहीं किया जा सकता?”
पूर्व IAEA प्रमुख अल-बरदेई 1997 से 2009 तक एजेंसी के प्रमुख रहे और 2005 में नोबेल शांति पुरस्कार से सम्मानित हुए। उन्होंने पहले भी अमेरिका की ‘चुनिंदा युद्ध’ नीतियों की आलोचना की थी। उनका कहना है कि इस क्षेत्र में बढ़ता तनाव पूरे मध्य पूर्व को अस्थिर कर सकता है।
ट्रंप ने हाल ही में ईरान को 48 घंटे का नया अल्टीमेटम दिया है। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर ईरान इस अवधि में समझौता नहीं करता या होर्मुज जलडमरूमध्य को फिर से नहीं खोलता, तो गंभीर परिणाम भुगतने होंगे। ईरान ने इस अल्टीमेटम को सिरे से खारिज कर दिया है।
अब तक हजारों लोगों ही मौत
फरवरी के अंत में शुरू हुए संयुक्त अमेरिका-इजरायल हमलों में अब तक हजारों लोग मारे जा चुके हैं। ईंधन की कीमतें आसमान छू रही हैं, वैश्विक बाजार अस्थिर हैं और शिपिंग रूट प्रभावित हो रहे हैं। दोनों पक्ष नागरिक लक्ष्यों पर हमलों का आरोप लगा रहे हैं, जिससे युद्ध अपराधों की आशंका बढ़ गई है।
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अल-बरदेई ने चेतावनी दी कि यदि ट्रंप की नीतियां जारी रहीं, तो पूरा क्षेत्र ‘आग की गेंद’ में बदल सकता है। उन्होंने खाड़ी देशों से आग्रह किया कि वे राजनयिक स्तर पर सक्रिय होकर युद्ध को रोकने का प्रयास करें और क्षेत्र में स्थिरता बनाए रखें।