Chile के जंगलों में लगी भीषण आग…18 लोगों की मौत, 300 से अधिक घर जलकर खाक, राष्ट्रपति ने घोषित की इमरजेंसी
Chile Wildfires Death: चिली के मध्य और दक्षिणी जंगलों में लगी भीषण आग ने 18 लोगों की जान ले ली, 50,000 से अधिक लोग बेघर हुए, सैकड़ों घर और हजारों एकड़ जंगल नष्ट हो गए।
- Written By: अक्षय साहू
चिली के जंगलों में लगी भीषण आग (सोर्स- सोशल मीडिया)
Chile Wildfires: चिली इस समय गंभीर प्राकृतिक आपदा की चपेट में है। अधिकारियों के अनुसार, मध्य और दक्षिणी चिली के जंगलों में लगी आग ने अब तक कम से कम 18 लोगों की जान ले ली है। इस आग ने हजारों एकड़ जंगल और सैकड़ों घर नष्ट कर दिए हैं। देश में भीषण लू और उच्च तापमान के चलते हालात और गंभीर बने हुए हैं।
चिली के राष्ट्रपति गेब्रियल बोरिक ने बायोबियो और नुब्ले क्षेत्रों में हालात को देखते हुए आपदा की स्थिति घोषित की है। बायोबियो क्षेत्र के कॉन्सेप्सियन शहर में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान उन्होंने पीड़ितों के प्रति अपनी संवेदना व्यक्त की। सरकारी प्रारंभिक रिपोर्टों के अनुसार, अब तक 18 लोगों की मौत हो चुकी है और लगभग 300 घर पूरी तरह नष्ट हो गए हैं, जबकि प्रभावित घरों की कुल संख्या एक हजार से अधिक हो सकती है।
लगातार बढ़ रही जंगल की आग
जंगल की आग लगातार बढ़ रही है और अब तक 8,500 हेक्टेयर (लगभग 21,000 एकड़) क्षेत्र प्रभावित हो चुका है। आग की वजह से 50,000 लोग अपने घर छोड़ने को मजबूर हुए। स्थानीय अधिकारियों ने शिकायत की कि कई जगह घंटों तक राहत कार्य नहीं पहुंचा और लोगों को मदद नहीं मिली।
सम्बंधित ख़बरें
दिल्ली एयरपोर्ट पर बांग्लादेशी PM के सलाहकार को ढाई घंटे तक रोका, भड़के ढाका ने जताया कड़ा विरोध
Congo Ebola Virus: कांगो में इबोला का कहर तेज, 24 घंटे में 72 नए मामलों की हुई पुष्टि
ट्रंप ने फ्रांस को दी खुली चेतावनी, टेक टैक्स हटाओ, वरना फ्रेंच वाइन-शैंपेन पर लगाएंगे 100% टैरिफ
Bihar Politics: दीपक प्रकाश के मंत्री पद पर ‘सुप्रीम’ संकट, कोर्ट ने बिहार सरकार और चुनाव आयोग से मांगा जवाब
गर्मी और तेज हवाओं ने दमकलकर्मियों के लिए आग बुझाना और भी मुश्किल बना दिया है। गृह मंत्री अल्वारो एल्वाल्डे ने बताया कि आने वाले दिनों में मौसम की स्थिति खराब रहने की संभावना है और तापमान में वृद्धि होने की चेतावनी दी गई है। कई लोगों ने आग लगने के समय अपने घरों में फंसे होने की बात कही। 55 वर्षीय जॉन गुजमैन ने बताया कि कई लोग घर छोड़ने की बजाय वहीं रुके, सोचकर कि आग जंगल तक ही सीमित रहेगी।
लोग अस्थायी शेल्टर में शरण लेने को मजबूर
पेंको शहर के अधिकांश हिस्से में आग फैल चुकी है। कारें, स्कूल और चर्च जल गए हैं, और हजारों लोग अस्थायी शेल्टर में शरण लेने को मजबूर हुए। 52 वर्षीय जुआन लागोस ने बताया कि उन्होंने अपने बच्चों के साथ अंधेरे में भागकर बचाव किया। कई जगह खेतों, घरों और सड़कों पर जले हुए शव मिले।
यह भी पढ़ें: कोलंबिया में मौत का तांडव! वर्चस्व की जंग में भिड़े दो गुट, 27 मरे, राष्ट्रपति बोले- हिंसा से बढ़ी चुनौती
चिली में गर्मियों के दौरान जंगल की आग आम होती है और यह अक्सर फरवरी में चरम पर पहुंचती है। 2024 में भी केंद्रीय तटीय क्षेत्र में लगी आग ने 130 लोगों की मौत का कारण बनी थी, जो 2010 के विनाशकारी भूकंप के बाद देश की सबसे बड़ी प्राकृतिक आपदा थी। पड़ोसी अर्जेंटीना भी हाल ही में जंगल की आग से प्रभावित रहा है।
