

तेल अवीव: इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंटोनियो गुटेरेस से दक्षिणी लेबनान में तैनात संयुक्त राष्ट्र अंतरिम बल (UNIFIL) को खतरे से दूर करने का तत्काल अनुरोध किया है। जाहिर सी बात है कि चेतावनी का मतलब इजरायल इन इलाकों पर हमला बोलने वाला है।
उन्होंने हाल ही में एक वीडियो बयान में यह बयान दिया। नेतन्याहू ने कहा, "मैं सीधे संयुक्त राष्ट्र महासचिव से अपील करता हूं। अब हिजबुल्लाह के गढ़ों और लड़ाई वाले इलाकों से यूनिफिल को हटाना जरूरी है।" नेतन्याहू ने अंग्रेजी में भी यह संदेश दोहराया, "श्रीमान महासचिव, यूनिफिल बलों को खतरे से दूर करें, यह तुरंत किया जाना चाहिए।"
हाल ही में हुई दो घटनाओं में, इजरायली रक्षा बलों (आईडीएफ) की गोलाबारी में दो यूनिफिल शांति सैनिक घायल हो गए। शुक्रवार, 11 अक्टूबर को यूनिफिल के मुख्य बेस नकोउरा के पास स्थित एक पर्यवेक्षक टॉवर के पास इजरायली हमले में दो शांति सैनिक घायल हो गए। इसके अलावा, इजरायली बुलडोजरों ने संयुक्त राष्ट्र के ठिकाने के पास अवरोध को ध्वस्त कर दिया। नेतन्याहू ने कहा कि शांति सैनिकों को उनके बेस पर रखना हिजबुल्लाह के लिए मानव ढाल का काम करता है। उन्होंने कहा कि इससे शांति सैनिकों और इजरायली सैनिकों दोनों के लिए खतरा बढ़ गया है।
अमेरिका और यूरोपीय देशों ने इजरायल से शांति सैनिकों को सुरक्षित रखने के लिए जरूरी कदम उठाने की अपील की है। इस दौरान नेतन्याहू ने कहा कि यूरोपीय नेता गलत जगह दबाव बना रहे हैं। इजरायली पीएम ने कहा, "उनका ध्यान हिजबुल्लाह पर होना चाहिए, जो यूनिफिल सैनिकों को मानव ढाल के रूप में इस्तेमाल करता है।" आयरलैंड के रक्षा बलों के प्रमुख जनरल सीन क्लैंसी ने शुक्रवार को कहा कि ऑब्जर्वर टावर पर टैंक से गोलाबारी जानबूझकर की गई थी। उन्होंने कहा, "यह बहुत छोटे लक्ष्य पर सीधी गोलाबारी थी, जिसे संयोग नहीं माना जा सकता।"
7 अक्टूबर से इजरायल और गुटेरेस के बीच तनाव और बढ़ गया है। इजरायल के विदेश मंत्री इजरायल कैट्ज ने हाल ही में गुटेरेस को "अवांछित व्यक्ति" घोषित किया और घोषणा की कि उन्हें इजरायल में प्रवेश करने से रोक दिया जाएगा। एक सर्वेक्षण के अनुसार, 87% इजरायली जनता इस फैसले का समर्थन करती है।