अमेरिकी हमले में IRGC प्रवक्ता अली मोहम्मद की मौत, ट्रंप को दी थी खुली चुनौती, ईरान ने बताया कायराना हमला
Ali Mohammad IRGC: ईरान के IRGC प्रवक्ता अली मोहम्मद नैनी को यूएस‑इजरायल के संयुक्त हमले में मार दिया गया। उन्होंने ट्रंप के दावों को खारिज किया और मिसाइल निर्माण जारी रखने का दावा किया था।
- Written By: अक्षय साहू
अली मोहम्मद नैनी (सोर्स- सोशल मीडिया)
Ali Mohammad Naini Death: ईरान के सरकारी मीडिया ने शुक्रवार को घोषणा की कि ईरान के रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉरप्स (IRGC) के प्रवक्ता अली मोहम्मद नैनी को यूएस और इजरायल के संयुक्त हवाई हमले में मार दिया गया है। यह घटना ऐसे समय में हुई जब अमेरिका ने फारस की खाड़ी में अपनी नौसेना की मौजूदगी और कार्रवाई को लेकर चेतावनी जारी की थी, और नौसेना को निशाना बनाने से जुड़े दावों को चुनौती दी थी।
ईरान के सरकारी मीडिया के अनुसार, IRGC ने एक बयान में कहा कि नैनी “सुबह-सुबह अमेरिकी-जायोनी साइड के क्रिमिनल कायरतापूर्ण आतंकवादी हमले में शहीद हो गए।” बयान में इसे एक योजनाबद्ध और जानबूझकर किया गया हमला बताया गया है। नैनी ने पहले खुलेआम अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के उन दावों का मजाक उड़ाते आए थे।
ट्रंप ने उड़ाया था मजाक
दरअसल, डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान की नौसेना को बेअसर बताकर उसके अस्तित्व पर सवाल उठाए थे। इसके जवाब में अली मोहम्मद नैनी कहा था कि ईरान की नौसेना पूरी तरह समाप्त नहीं हुई है और अगर अमेरिका की हिम्मत है तो वह अपने युद्धपोत फारस की खाड़ी में भेजकर मुकाबला करे। नैनी ने यह भी जोर देकर कहा था कि तमाम दुशमन प्रयासों के बीच भी ईरान मिसाइल निर्माण जारी रखे हुए है, और यह क्षमता किसी भी बाहरी दबाव से कमजोर नहीं हुई है।
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ईरान की सेमी-ऑफिशियल तस्नीम न्यूज एजेंसी ने बताया कि नैनी, जो 2024 से IRGC के आधिकारिक प्रवक्ता थे। नैनी को उनकी भूमिका और बयानबाज़ियों के लिए जाना जाता था। उन्होंने ईरानी मिसाइल कार्यक्रम की मजबूती पर भी न केवल टिप्पणी की थी बल्कि विदेशों से आए दावों को बेबुनियाद बताया था।
इजरायल ने नहीं की कोई टिप्पणी
अब तक इजरायल सरकार की ओर से इस घटना पर कोई औपचारिक टिप्पणी जारी नहीं की गई है। ईरानी मीडिया और अधिकारियों ने इस हमले को “आक्रामक और गैरकानूनी” बताया है और अमेरिका तथा उसके सहयोगियों पर उग्र प्रतिक्रिया अपनाने का संकेत दिया है।
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दुश्मनों की ‘सुरक्षा छीन ली जानी चाहिए’
इस बीच, ईरान के नए सर्वोच्च नेता अयातुल्ला मुजतबा खामेनेई ने देशवासियों के नाम एक संदेश में शुक्रवार को आह्वान किया कि उनके देश के दुश्मनों की सुरक्षा छीन ली जाए। खामेनेई ने यह टिप्पणी इजराइल के हमले में खुफिया मंत्री इस्माइल खतीब की मौत के बाद राष्ट्रपति मसूद पेजेश्कियन को भेजे गए बयान में की।
