अफगानिस्तान में स्मार्टफोन पर लगा बैन: तालिबान का आदेश न मानने पर होगी जेल, छिन जाएगी सरकारी नौकरी
Taliban Smartphone Ban: अफ़ग़ानिस्तान में सरकारी कर्मचारियों की जिंदगी पूरी तरह से बदल गई है। सुप्रीम लीडर हिबतुल्लाह अखुंदजादा के आदेश के बाद सभी को अपने फोन बंद करने पड़ रहे हैं।
- Written By: प्रिया सिंह
अफगानिस्तान में स्मार्टफोन बैन (सोर्स- AI डिजाइन)
Taliban Smartphone Ban News: अफ़ग़ानिस्तान में तालिबान ने एक और बहुत ही कड़ा फैसला लागू कर दिया है। देश के सुप्रीम लीडर हिबतुल्लाह अखुंदजादा ने सभी विभागों को स्पष्ट आदेश जारी किया है। इस नए फरमान के तहत किसी भी सरकारी कर्मचारी को स्मार्टफोन का इस्तेमाल करने की सख्त मनाही है। इसका असर शिक्षकों और सभी बड़े-छोटे अधिकारियों के दैनिक काम पर बुरी तरह पड़ रहा है।
देश के सैन्य और नागरिक दोनों विभागों के कर्मचारियों पर यह कड़ा नियम बुधवार से पूरी तरह लागू हो गया है। अगर कोई भी कर्मचारी इस नए नियम को तोड़ता हुआ पकड़ा गया तो उसे तुरंत नौकरी से निकाल दिया जाएगा। इसके अलावा नियम तोड़ने वालों को छह महीने तक की जेल की सजा भी भुगतनी पड़ सकती है। व्हाट्सऐप और एआई टूल्स के बिना सरकारी काम करना अब बहुत ही ज्यादा मुश्किल हो गया है।
सुप्रीम कोर्ट के चिन्ह वाला आदेश
स्मार्टफोन पर बैन लगाने वाला यह आदेश पिछले सप्ताह ही सोशल मीडिया पर तेजी से शेयर होने लगा था। इस आदेश पत्र पर अफ़ग़ानिस्तान के सुप्रीम कोर्ट का आधिकारिक प्रतीक चिन्ह भी प्रमुखता से लगा हुआ था। सभी प्रांतों के विभाग प्रमुखों को 17 जून से इस प्रतिबंध को पूरी तरह लागू करने की सलाह दी गई थी। सिर्फ सुप्रीम लीडर की खास अनुमति मिलने पर ही किसी कर्मचारी को स्मार्टफोन उपयोग की विशेष छूट मिल सकती है।
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कर्मचारियों की बढ़ी भारी परेशानी
बदख्शान और अन्य दूरदराज के इलाकों में काम करने वाले कई कर्मचारियों ने अपने स्मार्टफोन बंद कर दिए हैं। नाम न छापने की शर्त पर बदख्शान के तीन कर्मचारियों ने बताया कि इससे उनके लिए काम करना मुश्किल हो गया है। ज्यादातर आधिकारिक काम और संचार मुख्य रूप से व्हाट्सऐप और ईमेल के जरिए ही बड़ी आसानी से किए जाते थे। तालिबान के इस नए फैसले से सभी सरकारी कर्मचारियों में भारी चिंता और डर का खौफनाक माहौल बन गया है।
नियम तोड़ने पर गंभीर सजा का प्रावधान
सूचना विभाग के कर्मचारियों को स्पष्ट रूप से चेतावनी दी गई है कि नियम का उल्लंघन बिल्कुल बर्दाश्त नहीं होगा। पकड़े जाने पर न केवल नौकरी से हाथ धोना पड़ेगा बल्कि उन्हें सख्त कानूनी कार्रवाई का भी सामना करना पड़ेगा। बदख्शान में प्रशासन ने छह महीने तक की जेल की सजा का बहुत ही सख्त प्रावधान भी खास तौर पर किया है। इस कारण से लोग डर के मारे अपने फोन घरों में ही सुरक्षित छोड़कर ड्यूटी पर आने को मजबूर हो गए हैं।
