

Municipality Recruitment Scam Case: पश्चिम बंगाल सरकार के पूर्व मंत्री सुजीत बोस को प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने अरेस्ट किया है। ईडी ने पूछताछ के दौरान सामने आए सबूतों के आधार पर उनके ऊपर कार्रवाई की है। अधिकारियों ने बताया कि सोमवार को पूछताछ के दौरान सुजीत बोस को कई अहम सबूत दिखाए गए, जिसके बाद उनको गिरफ्तार कर लिया गया।
ईडी के अमुसार, सुजीत बोस ने साउथ दमदम नगरपालिका में विभिन्न पदों पर भर्ती के लिए कथित तौर पर 150 उम्मीदवारों के लिए अवैध सिफारिश की थी। साथ ही उन्होंने इसके बदले आर्थिक लाभ लिया था। जांच एजेंसी ने दावा किया कि भर्ती में मदद करने के बदले सुजीत बोस ने कई फ्लैट हासिल किए, जिन्हें ईडी ने अपराध से अर्जित संपत्ति (प्रोसीड्स ऑफ क्राइम) के रूप में चिन्हित किया है।
साथ ही ईडी को उनके नियंत्रण वाले बैंक खातों में भारी मात्रा में नकद जमा होने के सबूत भी मिले हैं और ईडी ने कहा कि ममता सरकार के पूर्व मंत्री सुजीत बोस को मंगलवार सुबह पेश किया जाएगा। बता दें कि ईडी ने 10 अक्टूबर 2025 को पश्चिम बंगाल में 13 ठिकानों पर रेड की थी। इनमें सुजीत बोस और पश्चिम बंगाल के पूर्व अग्निशमन एवं आपातकालीन सेवा मंत्री के ऑफिस भी शामिल थे। इस दौरान ईडी ने कई अहम दस्तावेज और 45 लाख रुपये नकद बरामद किए थे।
बता दें कि यह मामला पश्चिम बंगाल के विभिन्न नगर निगमों तथा नगरपालिकाओं में हुई कथित अवैध भर्तियों से जुड़ा हुआ है। जांच एजेंसी ने इस मामले में कलकत्ता हाई कोर्ट के निर्देश पर सीबीआई द्वारा दर्ज एफआईआर के आधार पर जांच शुरू की थी।
गौरतलब है कि इससे पहले प्राथमिक शिक्षक भर्ती घोटाले की जांच के दौरान साल 2023 में ईडी ने रियल एस्टेट डेवलपर और फिल्म निर्माता अयान सील से जुड़े कई ठिकानों पर रेड की थी। इस दौरान कई अहम दस्तावेज और डिजिटल सबूत बरामद हुए थे।