राशन वितरण मामले में बंगाल में ईडी ने की ताबड़तोड़ छापेमारी, कोलकाला-बर्धवान में 9 ठिकानों पर रेड से हड़कंप

West Bengal PDS Distribution: पश्चिम बंगाल की चुनावी सरगर्मी के बीच ईडी ने शनिवार की सुबह-सुबह हड़कंप मचा दिया है। एजेंसी ने राशन वितरण मामले में एक साथ 9 जगहों पर ताबड़तोड़ छापेमारी की है।
ED Raid in bengal
प्रतीकात्मक तस्वीर (सोर्स: सोशल मीडिया)
Published on: 
Updated on: 

ED Raid in West Bengal: एक तरफ जहां बंगाल में चुनावी शोर चरम पर है। एक फेज में वोटिंग पूरी हो गई है जबकि दूसरे फेज में चुनाव प्रचार जोरों पर है। इसी बीच प्रवर्तन निदेशालय की रेड ने कोलकाता और बर्धमान में तहलका मचा दिया है। बताया जा रहा है कि एक साथ 9 ठिकानों पर छापेमारी की गई है। ये एक्शन पीडीएस वितरण में अनियमितताओं को लेकर किया गया है।

6 साल पहले दर्ज हुई एफआईआर पर आज ईडी ने ताबड़तोड़ छापेमारी की है। ये एफआईआर बंगाल पुलिस की ओर से दर्ज की गई थी। मामले में कोलकाता, बर्धवान और उत्तर 24 परगना के हाबरा में सप्लायर्स और एक्सपोर्टर्स के जुड़े 9 ठिकानों पर छापा मारा गया है।

क्या है पूरा मामला?

दरअसल, साल 2020 में पश्चिम बंगाल की पुलिस ने एक एफआईआर दर्ज की थी। यह एफआईआर बशीरहाट पुलिस स्टेशन में घोझाडांगा एलसीएस के सीमा शुल्क उपायुक्त की शिकायत के बाद दर्ज की गई थी। इस शिकायत में आरोप लगाया गया था कि कल्याणकारी योजनाओं के लिए तय किए गए पीडीएस यानी सार्वजनिकक वितरण प्रणाली में दिए जाने वाले गेंहू की भारी मात्रा में हेराफेरी की गई थी।

पीडीएम में कैसे हुआ खेल

मामले की जांच में पता चला है कि आरोपियों ने लोगों के लिए फायदेमंद योजनाओं में हेराफेरी करने के लिए जबरदस्त प्लानिंग की थी। ये सप्लायर्स और डिस्ट्रीब्यूटर्स से साथ-साथ बिचौलियों के साथ मिलकर बेहद कम भाव में खरीद रहे थे और उनको कई जहगों पर डंप किया गया था। गेंहू की बोरियां पहचान में ना आएं इसके लिए बोरियों को बदल दिया गया या फिर उलट दिया गया जिससे इस हेराफेरी का पता लगाना और भी मुश्किल हो गया।

इसके बाद इन बोरियों को बाजार में ज्यादा भाव में बेचकर मोटा मुनाफा कमाया गया। इस पूरे खेल में किसी को भी इस बात की भनक तक नहीं लगी कि ये अनाज उन जरूरतमंद लोगों का है जो राशन वितरण के उपर अपनी आजीविका चला रहे हैं। अब इन छापेमारियों के बाद कई और बड़े नाम सामने आने की बात कही जा रही है। मामले को लेकर अभी तक किसी भी अधिकारी का बयान सामने नहीं आया है लेकिन जल्द ही इस बारे में पूरी जानकारी देने की बात कही गई है।

Navbharat Live
navbharatlive.com