बंगाल में सियासी हलचल, सुवेंदु के सहयोगी चंद्रनाथ रथ की हत्या में 2 गिरफ्तार, सामने आया TMC कनेक्शन!

Chandranath Rath Murder: सुवेंदु अधिकारी के सहयोगी चंद्रनाथ रथ हत्याकांड में CBI ने 2 नए आरोपियों को गिरफ्तार किया है। TMC कनेक्शन और किराए के शूटरों के शामिल होने का सनसनीखेज खुलासा हुआ है।
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चंद्रनाथ रथ (सोर्स-सोशल मीडिया)
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CBI Arrests Two In Chandranath Rath Case: पश्चिम बंगाल की राजनीति में एक बार फिर उबाल आ गया है। नेता प्रतिपक्ष सुवेंदु अधिकारी के बेहद करीबी सहयोगी चंद्रनाथ रथ की सनसनीखेज हत्या के मामले में केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) ने एक बड़ी सफलता हासिल की है। जांच एजेंसी ने इस हत्याकांड की गुत्थी सुलझाते हुए दो और मुख्य आरोपियों को धर दबोचा है जिसके बाद इस पूरे मामले में एक चौंकाने वाला 'टीएमसी कनेक्शन' भी सामने आया है।

कौन हैं गिरफ्तार आरोपी ?

CBI ने शुक्रवार को इस मामले में सागर सोनकर और साहिब सोनकर नाम के दो व्यक्तियों को गिरफ्तार किया है। दिलचस्प बात यह है कि ये दोनों आरोपी मृतक चंद्रनाथ रथ के साथ ही काम करते थे। जांच अधिकारियों के मुताबिक इन दोनों पर आरोप है कि इन्होंने ही उन शूटरों को कथित तौर पर 'हायर' किया था जिन्होंने चंद्रनाथ रथ पर गोलियों की बौछार की थी। CBI अब इन्हें कोलकाता की विशेष अदालत में पेश कर रिमांड पर लेने की तैयारी में है ताकि हत्या की इस गहरी साजिश की हर परत को खोला जा सके।

दल-बदल से TMC कनेक्शन

इस गिरफ्तारी ने मामले को एक नया राजनीतिक मोड़ दे दिया है। CBI के अधिकारियों के अनुसार, गिरफ्तार किए गए दोनों आरोपी पहले तृणमूल कांग्रेस (TMC) से जुड़े थे और बाद में वे भारतीय जनता पार्टी (BJP) में शामिल हो गए थे। हालांकि, जांच में यह सनसनीखेज खुलासा हुआ है कि भाजपा में आने के बाद भी ये दोनों आरोपी TMC के कुछ प्रभावशाली नेताओं के साथ लगातार संपर्क में थे।

इतना ही नहीं, जांच में यह भी सामने आया है कि सागर सोनकर, रथ के साथ काम करने के दौरान एक प्रतिद्वंद्वी राजनीतिक दल के कार्यालय से लैंडलाइन कॉल के जरिए संपर्क में बना हुआ था। यह तथ्य इस ओर इशारा करता है कि हत्या के पीछे कोई गहरी राजनीतिक साजिश हो सकती है।

6 मई की वो खौफनाक रात

चंद्रनाथ रथ की हत्या की कहानी किसी फिल्मी कहानी जैसी खौफनाक है। 6 मई की रात जब रथ अपनी एसयूवी से मध्यमग्राम स्थित अपने घर लौट रहे थे तो घर से महज 100 मीटर पहले एक कार ने उनका रास्ता रोक लिया। उसी वक्त एक बाइक पर सवार हमलावर वहां पहुंचे और बंद खिड़की के शीशे के पार से करीब 10 गोलियां दाग दीं। गंभीर रूप से घायल रथ ने अस्पताल पहुंचने से पहले ही दम तोड़ दिया।

अंतरराज्यीय शूटरों का जाल

CBI इस मामले में अब तक कुल 9 लोगों को गिरफ्तार कर चुकी है। इन दो स्थानीय आरोपियों से पहले, एजेंसी ने उत्तर प्रदेश और बिहार से ताल्लुक रखने वाले 7 शार्पशूटरों और मददगारों को पकड़ा था। इनमें बिहार के मयंक राज मिश्रा और विक्की मौर्य के साथ-साथ उत्तर प्रदेश के विनय राय, ज्ञानेंद्र सिंह, नवीन सिंह, गोलू सिंह और राज कुमार सिंह शामिल हैं। इससे साफ पता चलता है कि रथ की हत्या के लिए पेशेवर अपराधियों का एक बड़ा नेटवर्क इस्तेमाल किया गया था।

वायुसेना से राजनीति तक

चंद्रनाथ रथ कोई साधारण राजनीतिक कार्यकर्ता नहीं थे। वह भारतीय वायुसेना के पूर्व अधिकारी थे और लंबे समय से सुवेंदु अधिकारी के भरोसेमंद साथी रहे थे। जब सुवेंदु टीएमसी में थे, तब भी रथ उनके साथ थे और 2020 में उनके भाजपा में शामिल होने के बाद वे उनके निजी सहायक बने। वर्तमान में वे नेता प्रतिपक्ष की टीम में कार्यकारी सहायक के रूप में काम कर रहे थे।

सीबीआई की इस ताजा कार्रवाई ने बंगाल की राजनीति में हलचल मचा दी है और अब सबकी नजरें इस बात पर टिकी हैं कि इन दोनों आरोपियों से पूछताछ में और कौन से बड़े नाम सामने आते हैं।

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