बांग्लादेशियों को यहां रहने नहीं देंगे, जिस रास्ते आए, उसी रास्ते वापस भेजेंगे, भाजपा के तल्ख तेवर
West Bengal: पश्चिम बंगाल की सीएम ममता बनर्जी एसआईआर का विरोध कर रही हैं। ममता ने कहा है कि मतदाता सूची से एक भी पात्र वोटर का नाम कटा तो वह धरने पर बैठ जाएंगी। आरोप है कि वोट बैंक के लिए ऐसा कर रहीं।
- Written By: रंजन कुमार
भाजपा नेता सुवेंदु अधिकारी। इमेज-सोशल मीडिया
Suvendu Adhikari: पश्चिम बंगाल में बांग्लादेशी घुसपैठियों पर विपक्ष के नेता सुवेंदु अधिकारी ने बड़ा बयान दिया है। उन्होंने आज कोलकाता में कहा कि बंगाल में डिटेंशन सेंटर की जरूरत नहीं है, क्योंकि वे लोग घुसपैठिए को उसी रास्ते वापस भेज देंगे, जिस रास्ते वो आए हैं। भाजपा नेता ने कहा कि पश्चिम बंगाल में सिर्फ भारत के नागरिक रहेंगे। चाहे वे हिंदू हो या मुस्लिम। हम बांग्लादेशी मुस्लिमों को यहां रहने नहीं देंगे, इसलिए यहां डिटेंशन सेंटर की जरूरत नहीं है।
बांग्लादेशी घुसपैठियों के खिलाफ सुवेंदु शुरू से आक्रामक रहे हैं। 12 राज्यों एवं केंद्र शासित प्रदेशों में मतदाता सूची का विशेष गहन पुनरीक्षण चल रहा है। इस दौरान घुसपैठियों की पहचान होगी और फिर उन्हें डिटेंशन सेंटर में रखा जाएगा। डिटेंशन सेंटर में रखे जाने के बाद से कोलकाता समेत बंगाल के कई इलाकों से बांग्लादेशी नागरिक वापस जा रहे हैं। उत्तर प्रदेश में भी घुसपैठियों के खिलाफ अभियान चलाया जा रहा।
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घुसपैठियों को संरक्षण दे रहीं ममता
मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने एसआईआर का विरोध करते हुए कहा है कि मतदाता सूची से एक भी पात्र वोटर का नाम कटा तो वह इसके खिलाफ धरने पर बैठ जाएंगी। भाजपा का आरोप है कि वोट बैंक बचाने के लिए ममता बांग्लादेशी घुसपैठियों को संरक्षण दे रही हैं। बंगाल में 2026 में विधानसभा चुनाव होने हैं। इस बार मुख्य मुकाबला भाजपा और टीएमसी के बीच है। एसआईआर को लेकर दोनों पार्टियां आमने-सामने हैं।
ममता ने केंद्र सरकार पर लगाए गंभीर आरोप
ममता ने गुरुवार को एसआईआर को लेकर गृह मंत्री अमित शाह पर हमला बोला। आरोप लगाया कि केंद्र सरकार और निर्वाचन आयोग मतदाता सूचियों के एसआईआर का इस्तेमाल 2026 के विधानसभा चुनाव से पहले बंगाल के लाखों पात्र मतदाताओं के नाम गैरकानूनी तरीके से हटाने के लिए कर रहे। नदिया के कृष्णानगर में रैली में बनर्जी ने आरोप लगाया कि शाह मतदाता सूचियों से डेढ़ करोड़ नाम हटाने की कोशिशों को सीधे तौर पर निर्देशित कर रहे हैं। ममता ने चेतावनी दी कि मतदाता सूचियों के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) के दौरान एक भी पात्र मतदाता का नाम हटा तो वह अनिश्चितकालीन धरने पर बैठ जाएंगी।
बांग्लादेशी रोहिंग्या जिस रास्ते से आते उसी रास्ते से
हम उसे भगा देगा हमें डिटेंशन सेंटर की जरूरत नहीं हिंदुओं बंगाल टाइगर दहाड़ रहा हे..इस बार भगवा तय है सुवेंदु अधिकारी 🔥✊ pic.twitter.com/0HZUPJV8sK — Tiger Raja Satire (@TigerRajaSinggh) December 12, 2025
यह भी पढ़ें: ‘रसोई में हथियार तो हैं ना…’, वोटर लिस्ट से नाम कटने पर ममता बनर्जी का अब तक का सबसे भड़काऊ बयान
अमित शाह की एक आंख में दुर्योधन दिखता है और दूसरी में दु:शासन
मुख्यमंत्री ने कहा कि देश का गृहमंत्री खतरनाक है। यह उनकी आंखों में साफ दिखता है। एक आंख में दुर्योधन दिखता है और दूसरी में दु:शासन। बनर्जी ने आरोप लगाया कि 2026 के विधानसभा चुनावों से कुछ महीने पहले SIR का इस्तेमाल राजनीतिक हथियार के रूप में किया जा रहा। उन्होंने कहा कि वे वोटों के लिए इतने भूखे हैं कि उन्होंने अब SIR शुरू कर दिया है। किसी पात्र व्यक्ति का नाम कटता है तो मैं तब तक धरना दूंगी, जब तक नाम जुड़ नहीं जाता। पश्चिम बंगाल में निरुद्ध केंद्र नहीं बनेगा।
