

TTE Misconduct : सोशल मीडिया पर इन दिनों एक वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें एक टिकट परीक्षक (TTE) और यात्री के बीच तीखी बहस होती दिखाई दे रही है। वीडियो में TTE कथित तौर पर यात्री का कॉलर पकड़कर उससे पूछताछ करता नजर आता है।
यात्री बार-बार दावा करता है कि उसके पास वैध टिकट है और उसने कोई गलत काम नहीं किया है। घटना का वीडियो सामने आने के बाद लोगों ने रेलवे कर्मचारियों के व्यवहार पर सवाल उठाने शुरू कर दिए हैं।
वीडियो में देखा जा सकता है कि यात्री अपने मोबाइल से पूरी घटना रिकॉर्ड कर रहा है। वह TTE से पूछता है कि आखिर उसका कॉलर क्यों पकड़ा गया है। इस दौरान यात्री आसपास मौजूद लोगों से भी पूछता है कि क्या उसने भागने की कोशिश की थी।
बहस के दौरान TTE यह कहता सुनाई देता है कि यात्री के साथ मौजूद दूसरा व्यक्ति भाग गया था। इस पर यात्री जवाब देता है कि किसी दूसरे व्यक्ति की जिम्मेदारी उसकी नहीं है। कुछ देर तक दोनों के बीच गर्मागर्मी चलती रहती है, जिसके बाद यात्री गुस्से में अपना कॉलर छुड़ा लेता है।
वीडियो शेयर करने वाले यूजर ने सवाल उठाया है कि यदि किसी यात्री के पास टिकट न भी हो, तब भी क्या TTE को उसका कॉलर पकड़ने या अभद्र व्यवहार करने का अधिकार है? सोशल मीडिया पर बड़ी संख्या में यूजर्स ने भी इस व्यवहार की आलोचना की है। कई लोगों ने कहा कि सरकारी पद पर होने का मतलब यह नहीं कि किसी यात्री के साथ दुर्व्यवहार किया जाए।
हालांकि, वायरल वीडियो कब और कहां का है, इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। रेलवे नियमों के अनुसार यदि किसी कर्मचारी द्वारा अनुचित व्यवहार किया जाता है तो उसके खिलाफ विभागीय कार्रवाई की जा सकती है। फिलहाल इस मामले को लेकर सोशल मीडिया पर बहस जारी है।