कश्मीरी गेट के सुलभ शौचालय वाले अंकल का ‘पैकेज’ सुनकर कॉर्पोरेट जॉब वाले हैरान, वायरल वीडियो

Public Toilet Viral Video कश्मीरी गेट के सुलभ शौचालय के बाहर बैठे एक शख्स से उसकी इनकम पूछने का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल है। वीडियो में टॉयलेट की डेली कमाई के आगे ‘कॉर्पोरेट पैकेज’ कम।
A viral video comparing a Sulabh toilet’s daily income with corporate salaries ignores the real financial realities behind it.
वायरल वीडियो के स्क्रीनशॉट। (सोर्स - सोशल मीडिया)
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Sulabh Toilet Income Reality : सोशल मीडिया पर इन दिनों एक वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें एक कंटेंट क्रिएटर दिल्ली के कश्मीरी गेट पर स्थित सुलभ शौचालय के बाहर बैठे एक अंकल से उनकी कमाई के बारे में सवाल करता नजर आता है। कैमरा और माइक लेकर पहुंचे इस शख्स की दिलचस्पी अंकल की इनकम जानने में होती है।

वीडियो में अंकल पहले तो साफ कहते हैं कि रोज की कमाई फिक्स नहीं होती, लेकिन बार-बार पूछने पर वह बताते हैं कि दिन के हिसाब से 1000, 1200 या 1500 रुपये तक की सेल हो जाती है। इसके बाद वीडियो बनाने वाला शख्स इस इनकम को सालाना और मासिक पैकेज में बदलकर ‘कॉर्पोरेट वालों’ से तुलना करने लगता है।

सुलभ शौचालय की कमाई सुनकर लोगों के उड़े होश

इस वीडियो में एक बड़ी टेक्निकल बात को नजरअंदाज कर दिया गया है। अंकल अपनी निजी सैलरी की नहीं, बल्कि सुलभ शौचालय से होने वाली कुल डेली इनकम की बात कर रहे होते हैं। जरूरी नहीं है कि वह शौचालय के मालिक हों।

कई मामलों में ऐसे शौचालय ठेके या रेंट पर होते हैं, जिनका किराया, सफाई का खर्च और अन्य मेंटेनेंस भी उसी इनकम से निकलता है। यह भी संभव है कि अंकल वहां बतौर कर्मचारी काम कर रहे हों और उन्हें फिक्स सैलरी मिलती हो। लेकिन वीडियो में इन बातों को बताए बिना पूरी रकम को सीधे उनकी कमाई बताकर पेश किया गया है।

यूजर्स ने वीडियो पर दिए मजेदार रिएक्शन

इस वीडियो को इंस्टाग्राम पर @itsmadhurgarg नाम के अकाउंट से 12 दिसंबर को पोस्ट किया गया था, जिसे अब तक 22 लाख से ज्यादा बार देखा जा चुका है। वीडियो पर हजारों लाइक्स और सैकड़ों कमेंट आ चुके हैं। यूजर्स भी इस पर मजेदार रिएक्शन दे रहे हैं।

किसी ने लिखा कि “कॉर्पोरेट वालों की फील्डिंग हर जगह सेट है”, तो किसी ने कहा कि “इस काम में इनवेस्टमेंट और रेंट भी जुड़ा होता है।” कुल मिलाकर यह वीडियो इनकम की हकीकत से ज्यादा सोशल मीडिया के ट्रेंड और अधूरी जानकारी पर बहस को उजागर करता है।