जंतर-मंतर पर बरसे मनीष सिसोदिया! शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग कर सरकार को दी सीधी चुनौती,देखें VIDEO
Delhi protests NEET Paper Leak: जंतर-मंतर पर मनीष सिसोदिया का जोरदार प्रदर्शन। नीट पेपर लीक और शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग करते हुए सरकार को घेरा। शिक्षा व्यवस्था में सुधार की पुरजोर अपील।
- Written By: करुणा नंद शाहवाल
Manish Sisodia Demanded Resignation Of Dharmendra Pradhan: दिल्ली के जंतर-मंतर पर आम आदमी पार्टी के वरिष्ठ नेता मनीष सिसोदिया ने शिक्षा व्यवस्था में व्याप्त भ्रष्टाचार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। नीट (NEET) प्रश्नपत्र लीक मामले और परीक्षा अनियमितताओं को लेकर उन्होंने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग की है। सिसोदिया ने आंदोलन कर रहे कार्यकर्ताओं और आयोजकों के जज्बे को सलाम करते हुए देश में ‘शिक्षा क्रांति’ की आवश्यकता पर जोर दिया।
उन्होंने केंद्र सरकार पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि यह सरकार केवल ‘कागजी माफिया’ को बचा रही है और असली मुद्दों से ध्यान भटकाने के लिए सोनम वांगचुक जैसे आंदोलकारियों की अनदेखी कर रही है। उन्होंने वांगचुक को विरोध स्थल से हटाए जाने की घटना को ‘सफेद चादर ओढ़े गुंडों’ का जादू करार दिया। सिसोदिया ने तंज कसते हुए कहा कि प्रधानमंत्री को अपना ‘जादू’ विरोधियों पर चलाने के बजाय शिक्षा मंत्री की कुर्सी पर आजमाना चाहिए ताकि व्यवस्था सुधर सके। यह प्रदर्शन शिक्षा प्रणाली में पारदर्शिता और जवाबदेही की मांग को लेकर एक निर्णायक मोड़ पर खड़ा है।
Manish Sisodia Demanded Resignation Of Dharmendra Pradhan: दिल्ली के जंतर-मंतर पर आम आदमी पार्टी के वरिष्ठ नेता मनीष सिसोदिया ने शिक्षा व्यवस्था में व्याप्त भ्रष्टाचार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। नीट (NEET) प्रश्नपत्र लीक मामले और परीक्षा अनियमितताओं को लेकर उन्होंने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग की है। सिसोदिया ने आंदोलन कर रहे कार्यकर्ताओं और आयोजकों के जज्बे को सलाम करते हुए देश में ‘शिक्षा क्रांति’ की आवश्यकता पर जोर दिया।
उन्होंने केंद्र सरकार पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि यह सरकार केवल ‘कागजी माफिया’ को बचा रही है और असली मुद्दों से ध्यान भटकाने के लिए सोनम वांगचुक जैसे आंदोलकारियों की अनदेखी कर रही है। उन्होंने वांगचुक को विरोध स्थल से हटाए जाने की घटना को ‘सफेद चादर ओढ़े गुंडों’ का जादू करार दिया। सिसोदिया ने तंज कसते हुए कहा कि प्रधानमंत्री को अपना ‘जादू’ विरोधियों पर चलाने के बजाय शिक्षा मंत्री की कुर्सी पर आजमाना चाहिए ताकि व्यवस्था सुधर सके। यह प्रदर्शन शिक्षा प्रणाली में पारदर्शिता और जवाबदेही की मांग को लेकर एक निर्णायक मोड़ पर खड़ा है।
