उत्तराखंड के पहाड़ों पर धधकी आग, टिहरी में भीषण वनाग्नि का तांडव, 14 हेक्टेयर में फैले जंगलों को भारी नुकसान

Uttarakhand Forest Fire 2026: उत्तराखंड के टिहरी जिला मुख्यालय के पास बुदोगी गांव के जंगलों में शनिवार शाम भीषण आग लग गई, जिससे लगभग 14 हेक्टेयर वन क्षेत्र प्रभावित हुआ है।
fire in uttarakhand
उत्तराखंड के जंगलों में लगी आग, फोटो- सोशल मीडिया
Published on
Updated on

Forest Fire in Uttarakhand: देवभूमि उत्तराखंड के पहाड़ एक बार फिर वनाग्नि की चपेट में हैं। शनिवार की शाम टिहरी जिले के जंगलों से उठती आग की ऊंची-ऊंची लपटों ने स्थानीय प्रशासन और वन विभाग की नींद उड़ा दी।

उत्तराखंड के जिला मुख्यालय से सटे बुदोगी गांव के पास लगी यह आग इतनी भीषण थी कि इसकी लपटें दूर-दूर से साफ दिखाई दे रही थीं। गनीमत यह रही कि वन विभाग की टीमों ने समय रहते मोर्चा संभाल लिया, जिससे एक बड़े हादसे को टलने में मदद मिली।

शाम होते ही धधक उठे जंगल

टिहरी के जंगलों में आग लगने की घटना शनिवार शाम को हुई, जिसके तुरंत बाद वन विभाग की टीमों को मौके पर रवाना किया गया। टिहरी के डिविजनल फॉरेस्ट ऑफिसर पुनीत तोमर ने बताया कि सूचना मिलते ही विभाग की टीम बहुत तेजी से घटनास्थल पर पहुंची और आग बुझाने का काम युद्धस्तर पर शुरू कर दिया गया। अधिकारियों के अनुसार, शुरुआत में आग पर काबू पाना एक बड़ी चुनौती थी, लेकिन टीमों की सक्रियता ने इसे आबादी वाले क्षेत्रों में फैलने से रोक दिया।

14 हेक्टेयर वन संपदा को भारी नुकसान

इस भीषण आग की चपेट में आने से वन विभाग के अनुमान के मुताबिक लगभग चौदह हेक्टेयर इलाका प्रभावित हुआ है। हालांकि, राहत की बात यह रही कि आग ने अपना रुख नीचे की तरफ कर लिया, जहां कोई मानवीय आबादी नहीं रहती है। समय रहते उठाए गए कदमों के कारण आग को रिहाइशी इलाकों तक पहुंचने से पहले ही रोक दिया गया, जिससे किसी भी तरह की जनहानि या जान-माल के नुकसान की खबर नहीं है। अधिकारियों को उम्मीद है कि अगले एक से डेढ़ घंटे के भीतर स्थिति पर पूरी तरह नियंत्रण पा लिया जाएगा।

भीषण गर्मी और अचानक बदला मौसम बना चुनौती

उत्तराखंड में पिछले कुछ दिनों से जारी भीषण गर्मी के बीच जंगलों की यह आग और भी भयावह रूप ले रही है। हालांकि, मौसम विभाग ने पहाड़ी राज्यों में बारिश और आंधी-तूफान का अलर्ट भी जारी किया है, जिससे भविष्य में वनाग्नि की घटनाओं में कमी आने की उम्मीद है। वन विभाग ने टिहरी की इस घटना के सटीक कारणों का पता लगाने के लिए जांच के आदेश दे दिए हैं, ताकि यह स्पष्ट हो सके कि यह प्राकृतिक कारणों से लगी थी या किसी मानवीय लापरवाही का परिणाम है।

Navbharat Live: Hindi News
navbharatlive.com