‘सच छिप नहीं पाएगा’… राम मंदिर चंदा मामले पर सुप्रीम कोर्ट के कदम के बाद रविदास मेहरोत्रा का बड़ा बयान
Ram Mandir Donation Case: राम मंदिर चंदा विवाद पर सुप्रीम कोर्ट के कदम का रविदास मेहरोत्रा ने स्वागत किया। जानिए उन्होंने क्या कहा और मामले में आगे क्या हो सकता है।
- Written By: वंदना शर्मा
रविदास मेहरोत्रा (सोर्स सोशल मीडिया)
Supreme Court Ram Mandir Donation Case: समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ विधायक रविदास मेहरोत्रा ने राम मंदिर चंदा विवाद, दिल्ली में हुए विरोध-प्रदर्शनों, संसद के मानसून सत्र और सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक के आंदोलन जैसे मुद्दों पर केंद्र और उत्तर प्रदेश सरकार को घेरा। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार इन मामलों में लोकतांत्रिक मूल्यों और जनभावनाओं की अनदेखी कर रही है। मेहरोत्रा ने कहा कि विपक्ष जनता से जुड़े इन मुद्दों को सदन से लेकर सड़क तक मजबूती से उठाता रहेगा और सरकार से जवाब मांगता रहेगा।
रविदास मेहरोत्रा ने मीडिया से क्या कहा
मिली जानकारी के मुताबिक राम मंदिर चंदा चोरी विवाद पर रविदास मेहरोत्रा ने सुप्रीम कोर्ट की कार्यवाही का स्वागत किया है। उन्होंने मीडिया से बात करते हुए कहा कि अदालत ने नई विशेष जांच टीम गठित करने के निर्देश दिए हैं, जिससे यह संकेत मिलता है कि पहले की जांच संतोषजनक नहीं थी। इसके अलावा अब यदि सुप्रीम कोर्ट की निगरानी में जांच होगी तो पूरे मामले की सच्चाई सामने आएगी और दोषियों की पहचान हो सकेगी।
दिल्ली के जंतर-मंतर पर चल रहें छात्रों के विरोध प्रदर्शन
उन्होंने यह भी कहा कि जांच के बाद यदि तथ्यों का खुलासा होता है, तो कई बड़े नाम सामने आ सकते हैं। जिससे इस मामले के बाद प्रदेश सरकार की नैतिक जिम्मेदारी भी तय होनी चाहिए। इतना ही नही बल्कि दिल्ली के जंतर-मंतर पर छात्रों के विरोध प्रदर्शन पर सपा विधायक ने कहा कि देशभर के युवा लंबे समय से परीक्षा प्रणाली, पेपर लीक और रोजगार जैसे मुद्दों से परेशान हैं। वहीं शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे छात्रों के खिलाफ पुलिस ने लाठीचार्ज और आंसू गैस का इस्तेमाल किया, जिससे कई छात्र घायल हुए। यह सरकार की दमनकारी नीति को दर्शाता है।
सम्बंधित ख़बरें
Delhi HC: सोनम वांगचुक को मेदांता अस्पताल में स्थानांतरित करने का निर्देश, डॉक्टरों के पैनल के गठन का आदेश
Akola News: अकोला में NCP (शरद पवार) का धरना, छात्र-युवाओं के मुद्दों पर सरकार के खिलाफ प्रदर्शन
वांगचुक को कुछ हुआ तो… सोनम वांगचुक के समर्थन में आगे आए कांग्रेस सांसद विवेक तन्खा, सरकार को दी चेतावनी
Sonam Wangchuk Medanta: दिल्ली हाई कोर्ट का आदेश, सोनम वांगचुक को इलाज के लिए मेदांता अस्पताल भेजें
डिंपल यादव भी प्रदर्शन स्थल पर थी मौजूद
मीडिया से बातचीत के दौरान रविदास मेहरोत्रा ने दावा किया कि छात्रों के समर्थन में आयोजित विरोध-प्रदर्शन में विपक्षी दलों के कई सांसद शामिल हुए थे। उन्होंने कहा कि समाजवादी पार्टी की सांसद डिंपल यादव भी प्रदर्शन स्थल पर मौजूद थीं और उनके साथ भी कथित तौर पर बल प्रयोग किया गया। मेहरोत्रा का आरोप है कि सरकार लगातार विरोध की आवाज़ को दबाने की कोशिश कर रही है।
मांगें पूरी होने तक आंदोलन जारी रहेगा।
सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक के आंदोलन का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि जंतर-मंतर पर चल रहे उनके अनशन को समाप्त कराने के लिए प्रशासन ने उन्हें वहां से हटाने का प्रयास किया। मेहरोत्रा ने कहा कि सोनम वांगचुक पहले ही स्पष्ट कर चुके हैं कि उनकी मांगें पूरी होने तक आंदोलन जारी रहेगा।
यह भी पढ़ें:- 2027 विधानसभा चुनाव का रोडमैप तैयार! सपा के PDA की काट के लिए BJP का पिछड़ा वर्ग और ओबीसी मोर्चा सक्रिय
सदन के भीतर और बाहर हुए हंगामे से कार्यवाही हुई बाधित
संसद के मानसून सत्र के पहले दिन की कार्यवाही पर प्रतिक्रिया देते हुए मेहरोत्रा ने कहा कि सदन के भीतर और बाहर हुए हंगामे के कारण कार्यवाही बाधित हुई। उनका आरोप था कि केंद्र सरकार विपक्ष द्वारा उठाए जा रहे मुद्दों पर चर्चा से बच रही है। उन्होंने कहा कि आने वाले दिनों में विपक्ष संसद में कई अहम जनहित के विषयों पर सरकार से जवाब मांगेगा।
