

Meerut Minor Football Player Rape Case: दुष्कर्म पीड़िता राज्यस्तरीय महिला फुटबाल खिलाड़ी ने कंकरखेड़ा पुलिस पर गंभीर आरोप लगाए हैं। पीड़िता का कहना है कि आरोपित सिपाही और उसकी दारोगा मां की शह पर उसे हनी ट्रैप का आरोप लगाकर पुलिस ने थाने में थप्पड़ मारे। अब पीड़िता की शिकायत पर मुकदमे में आरोपित सिपाही के साथ उसकी दारोगा मां, साफ्टवेयर इंजीनियर बहन व बहनोई को भी आरोपित बनाया गया है।
पीड़िता ने जान से मारने की धमकी देने की एक ऑडियो भी विवेचक को सौंपी है। आरोपित के डर से पीड़िता अभी तक एफआइआर की कापी लेने थाने नहीं आ सकी है, साथ ही उसके बयान भी दर्ज नहीं हुए हैं। पुलिस ने आरोपित सिपाही को पकड़ने के लिए भी कोई कार्रवाई नहीं की है।
किठौर थानाक्षेत्र निवासी पीड़िता लोहिया नगर थानाक्षेत्र की एक कालोनी में मां के साथ किराये पर रहती है। 15 वर्षीय पीड़िता 10वीं में पढ़ती है। साथ ही राज्यस्तरीय फुटबाल की खिलाड़ी है। मार्च में पीड़िता की स्नैपचैट पर आगरा में तैनात कंकरखेड़ा थाना क्षेत्र निवासी सिपाही शुभम तोमर से दोस्ती हुई।
शुभम की मां संजोग तोमर भी यूपी पुलिस में दारोगा हैं, उनकी तैनाती गजरौला में है। पीड़िता का आरोप है कि सिपाही ने आगरा व मेरठ के होटलों में पीड़िता से आठ बार शारीरिक संबंध बनाए। 15 सितंबर को रोहटा रोड के एक होटल में दोनों में विवाद हो गया।
पीड़िता ने पहले बाल कल्याण समिति फिर कंकरखेड़ा थाने में शिकायत की। पीड़िता का आरोप है कि उस समय थाने पर आरोपित शुभम व संजोग तोमर मौजूद थी। उन्होंने हनी ट्रैप का आरोप लगाया और थाने के अंदर महिला एसआई से थप्पड़ लगवाए। पीड़िता के पास शुभम व उसके परिवार की ऑडियो है, जिसमें वह ही समझौते का दबाव बना रहे हैं। साथ ही संजोग उनकी बेटी और दामाद ने भी पीड़िता को जान से मारने की धमकी दी।