

Mallikarjun Kharge Haldwani Purification Controversy: भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे की हल्द्वानी रैली के बाद कथित रूप से संघ-भाजपा से जुड़े लोगों द्वारा उनकी दलित पहचान के कारण कार्यक्रम स्थल का शुद्धिकरण किए जाने के विरोध में महानगर कांग्रेस कमेटी मेरठ के अध्यक्ष रंजन शर्मा के नेतृत्व में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने बुढ़ाना गेट स्थित कांग्रेस कार्यालय से इंदिरा चौक स्थित इंदिरा गांधी की प्रतिमा तक विरोध मार्च निकाला।
विरोध मार्च के दौरान कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने भाजपा के खिलाफ जोरदार नारेबाजी करते हुए जाति के आधार पर भेदभाव और अपमान की मानसिकता का विरोध किया। कार्यकर्ताओं ने “दलित विरोधी भाजपा सरकार नहीं चलेगी”, “भाजपा के नेता होश में आओ” और “दलितों का अपमान नहीं सहेंगे” जैसे नारे लगाए। कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने दलित उत्पीड़न एवं सामाजिक भेदभाव के खिलाफ आवाज उठाने पर नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के विरुद्ध एफआईआर दर्ज किए जाने का भी विरोध किया।
महानगर कांग्रेस अध्यक्ष रंजन शर्मा ने कहा कि कांग्रेस पार्टी संविधान, समानता और सामाजिक न्याय के मूल्यों के लिए प्रतिबद्ध है। जाति के आधार पर किसी व्यक्ति के साथ भेदभाव करना संविधान की भावना के विपरीत है। बाबा साहब डॉ. भीमराव अंबेडकर ने समानता और सम्मान पर आधारित भारत का सपना देखा था, जिसकी रक्षा करना प्रत्येक नागरिक की जिम्मेदारी है।
उन्होंने कहा कि, राहुल गांधी लगातार वंचित, शोषित और कमजोर वर्गों के अधिकारों की आवाज उठा रहे हैं। उनकी आवाज को एफआईआर के माध्यम से दबाया नहीं जा सकता। कांग्रेस कार्यकर्ता सामाजिक न्याय और सम्मान के लिए लोकतांत्रिक एवं संवैधानिक तरीके से संघर्ष जारी रखेंगे।
उत्तराखंड के हल्द्वानी में कुछ दिन पहले कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के कार्यक्रम के बाद, सभा स्थल के कथित शुद्धीकरण का मामला तुल पकड़ता जा रहा है। राहुल गांधी ने इस मामले में फ़ौरन एफ़आईआर दर्ज करने की मांग की है। लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि, मल्लिकार्जुन खड़गे की सभा के बाद रामलीला मैदान का शुद्धीकरण किया गया, 'क्योंकि खड़गे दलित है। राहुल गांधी ने एक प्रेस कॉन्फ़्रेंस में कहा, "आठ अगस्त को कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे की हल्द्वानी में रैली होती है और 10 अगस्त को बीजेपी-आरएसएस के लोग उनके मंच का शुद्धीकरण करते हैं। इस प्रेस कॉन्फ़्रेंस करने के बाद यह मामला फिर से गर्म हो गया है और इस पर उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने इस पर सफ़ाई दी है।
हरिकिशन वर्मा, आदित्य शर्मा, मदन सिंह डेड़ा, मोहिउद्दीन गुड्डू, मनिंदर सूद वाल्मीकि, धूम सिंह गुर्जर, सलीम पठान, मनजीत सिंह कोछोड़, शहज्जाद युसूफ, तेजपाल ढाबका, रविंद्र सिंह, संजय कटारिया, चौधरी शमसुद्दीन, रीना शर्मा, बबली देवी, सुनीता सिंह, रॉबिन नाथ गोलू भाई, सचिन शर्मा, अनिल प्रेमी, केडी शर्मा, देशपाल गुर्जर, नीरज वासने, राजकुमार शर्मा, नरेश नेगी, मतीन अंसारी, राकेश शर्मा, विनोद सोनकर, पीयूष रस्तोगी, हरिकिशन प्रजापति, प्रवेश पालीवाल एवं मनोज कुमार सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता उपस्थित रहे।