UP Panchayat Sahayak: पंचायत सहायकों को बड़ी सौगात, मानदेय में ₹9000 की बढ़ोत्तरी; दर्ज मुकदमे भी होंगे वापस

UP Panchayat Sahayak Salary Hike: उत्तर प्रदेश के 57 हजार पंचायत सहायकों को अब ₹9,000 प्रति माह सैलरी मिलेगी। इसके अलावा हटाए गए कर्मियों को बहाल करने का भी ऐलान किया गया।
OP Rajbhar Announcement Panchayat Sahayak Salary
ओम प्रकाश राजभरसोर्स- IANS
Published on
Updated on

OP Rajbhar Announcement Panchayat Sahayak Salary: उत्तर प्रदेश सरकार में पंचायती राज मंत्री ओम प्रकाश राजभर ने बुधवार को जानकारी दी कि राज्य में आंदोलन के दौरान पंचायत सहायकों के खिलाफ दर्ज मुकदमों को वापस लिया जाएगा। उन्होंने बताया कि आंदोलन के समय हटाए गए सहायकों की बहाली होगी। साथ ही, उनको हर महीने 9 हजार रुपए दिए जाएंगे।

मुख्यमंत्री से वार्ता के बाद हुआ ऐलान

ओम प्रकाश राजभर ने बुधवार को पत्रकारों से कहा, "हमारे पंचायत सहायक 24 तारीख से धरने पर बैठे थे और सोमवार को मैं लखनऊ आया तो कुछ साथियों से बातचीत हुई, इन लोगों की जो मांग थी जायज मांग है। मैंने आज सुबह मुख्यमंत्री से बात की है। बातचीत के बाद सभी हमारे जितने भी पंचायत सहायक हैं, सभी को 9,000 रुपया महीना देने का ऐलान मुख्यमंत्री से वार्ता के बाद हुआ है।"

मुकदमे भी लिए जाएंगे वापस: राजभर

राजभर ने कहा कि हम लोग 8,000 रुपए पर अड़े थे। फिर हमने आश्वासन दिया था कि मुख्यमंत्री से बात करेंगे और अब बात करके आप लोगों को कोशिश करेंगे कि और हो जाए। अब 9 हजार रुपए महीने मिलेंगे। उन सहायकों की कुल संख्या 57 हजार से अधिक है।

उन्होंने कहा कि हर पंचायत सहायक के परिवार को कैशलेस ईलाज सुविधा मिलेगी। राजभर ने कहा कि आंदोलन के दौरान जिन लोगों के खिलाफ कार्रवाई हुई है, उनके सभी मुकदमे वापस किए जाएंगे और जिनको हटाया गया है, उनकी फिर से बहाली कर दी जाएगी।

कई दिनोंं से प्रदेश में चल रहा था प्रदर्शन

गौरतलब है कि पिछले दिनों पंचायत सहायकों ने अपना मानदेय बढ़ाने की मांग को लेकर उत्तर प्रदेश में जगह-जगह प्रदर्शन किए। 2022 में राज्य सरकार ने ग्राम पंचायतों में प्रशासनिक कामकाज को सुव्यवस्थित करने के लिए लगभग पंचायत सहायकों की नियुक्ति की थी।

OP Rajbhar Announcement Panchayat Sahayak Salary
Lucknow Hit And Run: रिलेशनशिप विवाद में युवती पर चढ़ाई कार, VIDEO वायरल होने के बाद आरोपी शहनवाज गिरफ्तार

इन्हें आधिकारिक तौर पर पंचायत सहायक/अकाउंटेंट-सह-डेटा एंट्री ऑपरेटर के रूप में नियुक्त किया गया था। राज्य की इस पहल का उद्देश्य सेवा वितरण का विकेंद्रीकरण करना और ग्रामीण आबादी के लिए प्रशासनिक कामकाज को सुलभ बनाना था। एजेंसी इनपुट के साथ...

Navbharat Live: Hindi News
navbharatlive.com