

Asaduddin Owaisi Kanpur Rally: उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनाव से पूर्व सभी राजनीतिक दल अपनी पैठ बनाना में लग गए हैं। जमीनी स्तर पर मतदाताओं के बीच सभी राजनीतिक दल अपनी पकड़ बना रहे हैं। इसी बीच एआईएमआईएम के राष्ट्रीय अध्यक्ष और सांसद असदुद्दीन ओवैसी भी रविवार को कानपुर पहुंचकर जनसभा को संबोधित करेंगे। मुस्लिम बाहुल्य सीट पर असदुद्दीन ओवैसी की जनसभा के बाद एआईएमआईएम के प्रत्याशी की घोषणा भी की जा सकती है।
एआइएमआइएम के राष्ट्रीय अध्यक्ष असदुद्दीन ओवैसी की जनसभा को लेकर कयास लगाए जा रहे हैं कि कानपुर की कैंट विधानसभा क्षेत्र में होने वाली इस जनसभा के बाद मंच से ही एआईएमआईएम के राष्ट्रीय अध्यक्ष और सांसद असदुद्दीन ओवैसी कानपुर में अपना पहला प्रत्याशी मैदान में उतार सकते हैं जिसके चलते जनसभा स्थल के आसपास संभावित उम्मीदवार के तौर पर नगर अध्यक्ष दिलदार गाजी के नाम के पोस्टर लगाए गए हैं हालांकि अभी इसकी आधिकारिक घोषणा नहीं हुई है।
कानपुर की कैंट विधानसभा सीट मुस्लिम बाहुल्य सीट मानी जाती है। आंकड़ों की अगर बात करें तो लगभग 40% से 50% मुस्लिम वोटर इस सीट पर हार जीत का फैसला करते हैं। हालांकि मुस्लिम वोटर के बंटने की स्थिति में भारतीय जनता पार्टी के प्रत्याशी की एक बार इस सीट पर जीत हो चुकी है लेकिन हाल ही के अगर आंकड़ों की बात करें तो 2022 के विधानसभा चुनाव में समाजवादी पार्टी के प्रत्याशी मोहम्मद हसन रूमी ने इस सीट पर 19987 वोट से जीत दर्ज करते हुए भारतीय जनता पार्टी के रघुनंदन सिंह भदोरिया को हराया था।
2024 लोकसभा चुनाव में इंडिया गठबंधन की कांग्रेस ने इस विधानसभा खंड में भारतीय जनता पार्टी पर 43508 वोट की बढ़त बनाई थी। कैंट विधानसभा सीट एक प्रमुख मुस्लिम बाहुल्य निर्वाचन क्षेत्र है जहां चुनावी हार जीत में अल्पसंख्यक मतदाताओं की भूमिका सबसे अहम मानी जाती है।
इसी के चलते एआइएमआइएम के राष्ट्रीय अध्यक्ष असदुद्दीन ओवैसी ने भी कानपुर की इसी विधानसभा सीट के क्षेत्र को अपना जनसभा स्थल चुना है। यहां जनसभा को संबोधित करते हुए आसपास की विधानसभा क्षेत्र आर्य नगर और सीसामऊ पर भी अपनी पकड़ बनाने की कोशिश करेंगे।
2017 के विधानसभा चुनाव के दौरान उत्तर प्रदेश के कुख्यात माफिया अतीक अहमद ने भी इसी सीट से अपनी ताल ठोकते हुए सैकड़ों गाड़ियों के काफिले के साथ कानपुर शहर की इसी विधानसभा सीट पर एंट्री की थी और बाबूपुरवा क्षेत्र में ही जनसभा को संबोधित किया था।
हालांकि जनसभा के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को लेकर एक अभद्र कविता मंच से पढ़ी गई जिसके बाद अतीक अहमद का विरोध होने लगा नतीजा यह रहा कि सपा ने अतीक अहमद को टिकट नहीं दिया और अतीक अहमद को कानपुर से वापस प्रयागराज जाना पड़ गया। अब असदुद्दीन ओवैसी ने भी इसी सीट को टारगेट करते हुए इस क्षेत्र में ही अपना जनसभा स्थल बनाया है बाबूपुरवा क्षेत्र के ईदगाह मैदान पर असदुद्दीन ओवैसी की जनसभा होनी है। रविवार शाम 6:00 बजे के करीब असदुद्दीन ओवैसी जनसभा स्थल पर पहुंचेंगे।