धुआं-धुआं हुआ गाजियाबाद! दीपावली के दिन 48 जगहों पर लगी आग, फायर सर्विस ने संभाला मोर्चा
Uttar Pradesh News: दीपावली के दिन उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद में 24 घंटों में कुल 48 जगहों में आग लगने की घटनाएं सामने आई है। फायर सर्विस की त्वरित कार्रवाई और सतर्कता के चलते आग पर काबू पा लिया गया।
- Written By: आकाश मसने
आग बुझाते दमकलकर्मी (सोर्स: IANS)
Fire Incidents In Ghaziabad On Diwali day: दीपावली के पर्व पर जहां चारों ओर रोशनी और उत्साह का माहौल था, वहीं पटाखों और लापरवाही के चलते गाजियाबाद में कई जगह आग लगने की घटनाएं भी सामने आईं। 24 घंटे में कुल 48 कॉल्स आईं। हालांकि, फायर सर्विस विभाग की सतर्कता और त्वरित कार्रवाई से सभी घटनाओं पर जल्द ही काबू पा लिया गया और किसी भी प्रकार की जनहानि नहीं हुई।
दीपावली के त्योहार पर गाजियाबाद में फायर सर्विस विभाग को 24 घंटों के भीतर आग लगने की कुल 48 सूचनाएं प्राप्त हुईं। 20 अक्टूबर की सुबह 6 बजे से लेकर 21 अक्टूबर की सुबह 6 बजे तक यह फायर कॉल्स प्राप्त की गईं।
फायर सर्विस विभाग की सतर्कता और त्वरित कार्रवाई से हालांकि सभी घटनाओं पर जल्द ही काबू पा लिया गया और किसी भी प्रकार की जनहानि नहीं हुई। यह विभाग की सतर्कता और लोगों के सहयोग का परिणाम रहा कि कहीं भी जानमाल का नुकसान नहीं हुआ।
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पटाखों से लगी आग
आग लगने की इन 48 घटनाओं के पीछे मुख्य कारण पटाखों का उपयोग और नागरिकों की लापरवाही थी। फायर विभाग की टीमों ने इन सभी स्थानों पर तुरंत पहुंचकर आग पर नियंत्रण पाया।
विभाग के अधिकारियों ने बताया कि यह सुनिश्चित करने के लिए कि आग तुरंत नियंत्रण में आ जाए, 14 हॉटस्पॉट स्थानों पर फायर टेंडर पहले से ही तैनात किए गए थे।
आग की घटनाओं का विस्तृत ब्यौरा
फायर सर्विस गाजियाबाद के अनुसार, प्राप्त हुई कुल 48 कॉल्स को विभिन्न श्रेणियों में बांटा गया था, जिससे पता चलता है कि आग की घटनाएँ कितनी विविध थीं:
- फ्लैट और मकानों से संबंधित 14 घटनाएं दर्ज की गईं।
- दुकान और शोरूम में आग लगने की 7 सूचनाएं प्राप्त हुईं।
- वाहनों से संबंधित 3 दुर्घटनाएं सामने आईं।
- फैक्ट्री व गोदाम में आग लगने की 5 बड़ी घटनाएं दर्ज की गईं।
- कूड़ा और कबाड़ में 15 बार आग लगी, जो सर्वाधिक कॉल्स थीं।
- मीटर, ट्रांसफार्मर या वॉटर कूलर में 2 बार आग लगने की सूचना दी गई।
- तथा अन्य श्रेणी में 2 घटनाएं शामिल रहीं।
इस आंकड़ों से स्पष्ट होता है कि कूड़ा और कबाड़ में आग लगने की घटनाएं (15 कॉल्स) सबसे अधिक थीं। वहीं, फ्लैटों और मकानों (14 कॉल्स) में भी बड़ी संख्या में आग लगी।
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प्रमुख और गंभीर घटनाएँ
1. फैक्ट्री में आग: मुख्य घटनाओं में साहिबाबाद के मोहन नगर स्थित अजंता कंपाउंड की फैक्ट्री में लगी आग प्रमुख रही। फायर विभाग की टीमों ने इस फैक्ट्री की आग को फैलने से रोका और उस पर नियंत्रण पाया।
2. पन्नी गोदाम में आग: कोतवाली क्षेत्र के नंदग्राम में एक पन्नी (पॉलीथीन/प्लास्टिक) के गोदाम में भीषण आग भड़क गई थी। फायर टीमों ने इस पर काबू पाने के लिए कड़ी मशक्कत की।
3. वाहन जलकर नष्ट: इसके अलावा, संजय नगर में भी आग की एक बड़ी घटना हुई जहां दुकानों के बाहर खड़ी लगभग छह बाइक और स्कूटी में आग लग गई। इस घटना में सभी वाहन पूरी तरह जलकर नष्ट हो गए। फायर सर्विस गाजियाबाद की टीमों ने तेजी से कार्रवाई करते हुए इन घटनाओं पर काबू पाया और आसपास की इमारतों को सुरक्षित बचाया।
अधिकारियों की अपील और सफलता का कारण
विभाग के अधिकारियों ने इस बात पर जोर दिया कि कहीं भी जानमाल का नुकसान नहीं हुआ, यह विभाग की सतर्कता और लोगों के सहयोग का परिणाम है। फायर विभाग की सतर्कता और त्वरित कार्रवाई से सभी घटनाओं पर काबू पाना संभव हो सका।
(एजेंसी इनपुट के साथ)
