नीलम करवरिया
प्रयागराज: उत्तर प्रदेश के प्रयागराज जिला के मेजा विधानसभा सीट से भारतीय जनता पार्टी की पूर्व विधायक नीलम करवरिया का गुरुवार देर रात निधन हो गया। पूर्व विधायक हैदराबाद के एक निजी अस्पताल में भर्ती थीं वहीं उन्होंने अंमिम सांस ली। उनकी करीब 50 वर्ष की थीं।
प्रयागराज के बारा विधानसभा सीट से विधायक डॉक्टर वाचस्पति ने बताया कि नीलम करवरिया करीब 10 दिन पहले लीवर प्रत्यारोपण के लिए हैदराबाद के एक निजी अस्पताल में भर्ती हुई थीं। गुरुवार की रात अचानक उनकी तबीयत बिगड़ गई और उनका निधन हो गया।
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चित्रकूट जनपद के राजापुर में जन्मी मेजा की पूर्व विधायक नीलम करवरिया काफी समय से बीमार चल रही थीं। उन्हें लीवर सिरोसिस की बिमारी थी। यही कारण है कि वह कुछ दिनों से वो हैदराबाद के एक निजी अस्पताल में भर्ती थीं। हालत ज्यादा गंभीर होने से डॉक्टर गुरुवार को उन्हें वेंटिलेटर पर रख दिये थे, लेकिन उनमें कोई सुधार नहीं हो रहा था। देर रात अस्पताल में उन्होंने अंतिम सांस ली। निधन की सूचना पर बड़ी संख्या में उनके समर्थक उनके आवास पर पहुंचने लगे।
नौ साल जेल में बंद थे पति 25 जुलाई को हुए थे रिहा
उनके परिवार में पति उदयभान करवरिया उनकी दो बेटियां समृद्धि व साक्षी करवरिया और एक बेटा सक्षम हैं। नीलम करवरिया 2017 में मेजा सीट से भाजपा के टिकट पर निर्वाचित हुई थीं। बता दें कि नीलम करवरिया के पति और बारा विधानसभा सीट से पूर्व भाजपा विधायक उदयभान करवरिया बीते 25 जुलाई को नैनी सेंट्रल जेल से रिहा हुए थे। करीब नौ साल से नैनी जेल में बंद रहे। उदयभान को राज्यपाल की अनुशंसा पर रिहा किया गया था।
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उदयभान को क्यों हुई थी जेल की सजा
उदयभान को पूर्व समाजवादी पार्टी विधायक जवाहर यादव की हत्या का दोषी करार दिया गया था। सजा में उन्हें आजीवन कारावास की सजा सुनाई गई थी। करवरिया के करीबी मनीष त्रिपाठी ने बताया कि उनका पार्थिव शरीर शुक्रवार दोपहर प्रयागराज लाए जाने की संभावना है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की भी प्रयागराज पहुंचने की खबर है।