

Ganga Dussehra Yamuna Holy Dip: गंगा दशहरा पर्व पर बुधवार को धार्मिक नगरी वृंदावन में श्रद्धा और भक्ति का अद्भुत संगम देखने को मिला। तड़के सुबह से ही यमुना घाटों पर श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। दूर-दराज क्षेत्रों से पहुंचे श्रद्धालुओं ने यमुना में आस्था की डुबकी लगाकर पुण्य लाभ अर्जित किया तथा बांके बिहारी मंदिर समेत विभिन्न मंदिरों में दर्शन-पूजन कर सुख-समृद्धि की कामना की।
पर्व के अवसर पर देवराहा बाबा घाट, केशीघाट, चीरघाट और जुगलघाट सहित प्रमुख यमुना घाटों पर श्रद्धालुओं का तांता लगा रहा। स्नान के बाद श्रद्धालुओं ने मंदिरों में पहुंचकर भगवान के दर्शन किए। पूरे दिन घाटों और मंदिरों के आसपास धार्मिक माहौल बना रहा। श्रद्धालुओं की सुरक्षा एवं सुविधा को देखते हुए प्रशासन ने व्यापक इंतजाम किए थे। यमुना घाटों पर पर्याप्त पुलिस बल तैनात रहा, जबकि नगर निगम की ओर से बैरिकेडिंग, चेंजिंग रूम तथा अन्य आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराई गईं। प्रशासनिक अधिकारी लगातार व्यवस्थाओं की निगरानी करते रहे, जिससे श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की परेशानी का सामना नहीं करना पड़ा।
क्षेत्राधिकारी सदर वरुण मिश्रा एवं कोतवाली प्रभारी संजय कुमार पांडेय ने सुबह से ही विभिन्न घाटों का निरीक्षण कर सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया। अधिकारियों ने संबंधित कर्मचारियों एवं पुलिसकर्मियों को आवश्यक दिशा-निर्देश देते हुए श्रद्धालुओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने पर जोर दिया।
पर्व पर पहुंचे श्रद्धालुओं ने प्रशासन द्वारा की गई व्यवस्थाओं की सराहना की। हालांकि कुछ श्रद्धालुओं ने यमुना में सीधे गिर रहे नालों पर चिंता व्यक्त करते हुए इसे आस्था और पर्यावरण दोनों से जुड़ा गंभीर मुद्दा बताया।
उनका कहना था कि यमुना की स्वच्छता और पवित्रता बनाए रखने के लिए इस समस्या का स्थायी समाधान किया जाना आवश्यक है। गंगा दशहरा के अवसर पर वृंदावन में दिनभर भक्ति, श्रद्धा और उत्साह का माहौल बना रहा तथा यमुना घाट श्रद्धालुओं की भीड़ से गुलजार रहे।
बता दें कि धार्मिक पुराणों में गंगा दशहरा के दिन गंगा स्नान को विशेष महत्व दिया गया है। माना जाता है कि इसी दिन स्वर्ग से गंगा का धरती पर अवतरण हुआ था, इसलिए गंगा दशहरा महापुण्य पर्व माना जाता है। इस दिन सभी गंगा मंदिरों में भगवान शिव का अभिषेक करना शुभ माना जाता है। इसके साथ ही इस दिन मोक्षदायिनी गंगा का भी पूजा किया जाता है।