Ayodhya Ram Mandir: ‘भक्तों का भरोसा टूटना दुख की बात’, राम मंदिर चोरी मामले में बोले नृपेंद्र मिश्रा
Nripendra Mishra On Ayodhya Dispute: राम मंदिर दान चोरी मामले पर निर्माण समिति के अध्यक्ष नृपेंद्र मिश्रा ने बड़ा बयान दिया है। बोले- एसआईटी रिपोर्ट आने तक इंतजार करेंगे।
- Written By: अमन मौर्या
नृपेंद्र मिश्रा और अयोध्या राम मंदिर (फोटो सोर्स- सोशल मीडिया)
Ram Mandir Donation Theft Case: अयोध्या में राम मंदिर में कथित दान चोरी मामले पर राम मंदिर निर्माण समिति के अध्यक्ष नृपेंद्र मिश्रा ने मीडिया से बातचीत की है। बातचीत के दौरान उन्होंने कहा कि श्रद्धालुओं के विश्वास को बनाए रखना प्रबंधन की सबसे बड़ी जिम्मेदारी है। यदि मंदिर से जुड़ा कोई विवाद होता है तो यह उन सभी लोगों को दुख होता है, जो वर्षों से इससे जुड़े रहे हैं।
आगे उन्होंने बताया कि राम मंदिर अब अयोध्या या प्रदेश का नहीं, बल्कि यह सनातन धर्म का अंतरराष्ट्रीय प्रतीक बन चुका है। इसलिए यहां की व्यवस्थाएं भी अंतरराष्ट्रीय स्तर की होनी चाहिए।
SIT कर रही अपना काम: नृपेंद्र मिश्रा
नृपेंद्र मिश्रा ने मीडिया से बताया कि 71 एकड़ परिसर में फैले मंदिर में प्रतिदिन लाखों श्रद्धालु आते हैं। उनकी सुरक्षा व्यवस्था और सुविधाओं को संभालना कोई छोटा काम नहीं है। यह काम एक छोटे जिले को संभालने जैसा बड़ा दायित्व है। कथित दान चोरी मामले की जांच पर उन्होंने बताया कि एसआईटी गठित हो गई है। वह अपनी जांच कर रही है। ऐसे में मैं किसी भी प्रकार का सुझाव देकर एजेंसी की जांच प्रक्रिया को प्रभावित नहीं करना चाहता।
सम्बंधित ख़बरें
बांकीपुर तो कुछ नहीं…CM बनने के बाद ढह गया था योगी का किला, जानें भारतीय राजनीति के 5 बड़े उलटफेर
भगवान को नचाने का अहंकार रखने वालों को भगवान ने ही नचा दिया…BJP की हार पर अखिलेश यादव का तीखा तंज
शराब शौकीनों के लिए बड़ा झटका! ओल्ड मोंक, रॉयल चैलेंज समेत कई ब्रांड्स पर लगा बैन, FSSAI ने लिया एक्शन
By-Election Results 2026: बांकीपुर में पीके का बड़ा उलटफेर, दतिया में फंसी BJP; लेकिन मांजलपुर में बचा ली लाज
अखिलेश का सरकार से सवाल
राम मंदिर में कथित दान चोरी पर सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने अपने एक्स हैंडल पर पोस्ट पर सरकार से सवाल भी पूछे।
- ट्रस्टी कहना क्या चाहते हैं किसी को समझ नहीं आ रहा है।
- हेराफेरी में संलिप्त लोगों को हिरासत में लेने की खबरें अखबारों, टीवी चैनलों, मीडिया पोर्टल और यूट्यूबर द्वारा प्रसारित की जा रही हैं।
- पहले पुलिस कुछ नहीं कहती लेकिन बाद में न जाने किसके दबाव में खंडन करती है।
- जनता के आक्रोश को देखकर पूरे देश के भाजपाइयों की घिग्घी बंध गई है।
- भाजपा के संगी-साथी इस मसले की आपराधिक गतिविधि से पल्ला छुड़ाने के लिए सदैव की तरह भूमिगत हो गये हैं।
- लखनऊ की सरकार ने अपने मुंह पर ताला लगा लिया है।
- दिल्ली की सरकार का ड्रोन और दूरबीन पता नहीं कहां हैं।
चढ़ावा चोरी कांड – ट्रस्टी कहना क्या चाहते हैं किसी को समझ नहीं आ रहा है।
– हेराफेरी में संलिप्त लोगों को हिरासत में लेने की ख़बरें अख़बारों, टीवी चैनलों, मीडिया पोर्टल और यूट्यूबर द्वारा प्रसारित की जा रही हैं।
– पहले पुलिस कुछ नहीं कहती लेकिन बाद में न जाने किसके दबाव… — Akhilesh Yadav (@yadavakhilesh) June 9, 2026
ये भी पढे़ं- West Bengal Politics: 19 जून को आएगा असली TMC पर फैसला, लोकसभा अध्यक्ष ने अभिषेक बनर्जी को भेजा बुलावा
क्या है पूरा मामला?
राम मंदिर में कथित दान चोरी मामले में प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री और सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने अपने एक्स हैंडल पर पोस्ट किया था। इसके बाद कथित दान चोरी का देशभर में लोगों ने खूब आलोचना की और निष्पक्ष जांच की मांग की।
