

Akhilesh Yadav Ghazipur Kataria Incident: समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव का गाजीपुर दौरा स्थिगत हो गया है। उन्होंने कहा है कि अब वह गाजीपुर तभी जाएंगे जब हालात काबू में आ जाएंगे। अखिलेश यादव 29 अप्रैल को गाजीपुर जाने वाले थे, लेकिन अब उनका दौरा टल गया है।
मंगलवार को गाजीपुर में समाजवादी पार्टी के 4 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल ने कटरिया गांव पहुंचकर पीड़ित परिवार से मुलाकात की। प्रतिनिधिमंडल ने पार्टी की ओर से पीड़ित परिवार को 5 लाख रुपये का चेक आर्थिक मदद के रूप में सौंपा। इससे पहले अखिलेश यादव ने कहा था कि अगर उनके प्रतिनिधिमंडल को पीड़ितों से मिलने से रोका गया तो वे स्वयं गाजीपुर जाएंगे। हालांकि, उनकी मुलाकात शांतिपूर्वक तरीके से हो गई।
अखिलेश यादव ने एक्स पर पोस्ट कर जानकारी दी कि पीडीए समाज ने मिलकर इस कठिन घड़ी में 5 लाख रुपये एकत्र किए हैं।
अखिलेश यादव ने लिखा कि यह मदद वर्चस्ववादियों के अत्याचार के खिलाफ एकजुट संघर्ष का संदेश है। सपा प्रमुख के अनुसार, पीड़ा ही वह धागा है जिससे पूरा पीडीए समाज जुड़ा है और वे इनके मान-सम्मान के लिए संघर्ष जारी रखेंगे। प्रतिनिधिमंडल की मुलाकात के बाद अब राजनीतिक सरगर्मियां शांत होती दिख रही हैं, क्योंकि पार्टी ने अपने कार्यकर्ताओं को स्थिति सामान्य होने का संकेत दे दिया है।
गाजीपुर में कटरिया कांड को लेकर भारी पुलिस बल को तैनात किया गया है। एसपी राकेश कुमार मिश्र के अनुसार, जिले में बीएनएस की धारा 163 लागू कर दी गई है। पुलिस सोशल मीडिया की भ्रामक अफवाहों को रोकने का भी काम कर रही है। एसपी ने बताया कि पीड़ित परिवार से मिलने पर कोई रोक नहीं है। लेकिन इस दौरान किसी को भी जिले की शांति व्यवस्था भंग करने नहीं दिया जाएगा। फिलहाल, कटरिया गांव में भारी पुलिस बल को तैनात किया गया है।
कुछ दिन पहले गाजीपुर के करंडा थाना क्षेत्र के कटारिया गांव में विश्वकर्मा समाज की एक लड़की से कथित तौर पर दुष्कर्म और हत्या का मामला सामने आया था। पुलिस के अनुसार, 19 अप्रैल को पीड़ित पिता की शिकायत पर मुख्य आरोपी को गिरफ्तार किा गया था। लेकिन, 22 अप्रैल को कटरिया में कुछ अराजक तत्वों ने अफवाहों के आधार पर क्षेत्र में पत्थरबाजी कर माहौल बिगाड़ा।
इस हिंसा के मामले में अब तक 16 लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है। करंडा थाना पुलिस में कुल 5 मुकदमे दर्ज किए हैं। इनमें सोशल मीडिया पर भ्रामक जानकारी फैलाने वाले हैंडल्स भी शामिल हैं। पुलिस ने जनता से अपील की है कि वे किसी भी अफवाह में आने से बचे।