

Tejo Mahalaya Controversy: सावन माह के अंतिम और चौथे सोमवार को हिंदू महासभा के कार्यकर्ताओं ने बाबा मनकामेश्वर नाथ मंदिर से ताजमहल तक दंडवत परिक्रमा शुरू की। हाथों में केसरिया ध्वज, शिवलिंग और बाबा अमरनाथ से लाया गया पवित्र जल लिए कार्यकर्ता ‘हर-हर महादेव’ के जयघोष के साथ ताजमहल की ओर बढ़े। दंडवत परिक्रमा का नेतृत्व हिंदू महासभा के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष अज्जू चौहान ने किया।
नीतेश भारद्वाज और जिलाध्यक्ष मीरा राठौर ने दंडवत परिक्रमा की, जबकि हिंदू महासभा के तमाम पदाधिकारी और कार्यकर्ता उनका उत्साह बढ़ाने के लिए साथ चलते रहे। इस दौरान महिलाओं की भी मौजूदगी रही।
मंडी चौराहे के पास पहुंचते ही पुलिस ने परिक्रमा कर रहे हिंदू महासभा कार्यकर्ताओं को रोक दिया। ताजमहल की ओर आगे बढ़ने को लेकर पुलिस और कार्यकर्ताओं के बीच गहमा-गहमी हुई। कार्यकर्ताओं ने आगे जाने का प्रयास किया, लेकिन पुलिस ने उन्हें रोक दिया।
इसके बाद हिंदू महासभा के कार्यकर्ताओं ने ताजमहल की प्रतिमूर्ति पर शिवलिंग स्थापित कर पूजा-अर्चना की। मीरा राठौर ने शिवलिंग पर गंगाजल अर्पित किया। धूप-दीप जलाकर विधि-विधान से पूजा की गई। इस दौरान पूरा क्षेत्र ‘हर-हर महादेव’ और ‘बम-बम भोले’ के जयघोष से गूंजता रहा।
इस पूरे घटनाक्रम के बीच हिंदू महासभा ने प्रशासन पर भेदभाव का गंभीर आरोप लगाया। हिंदू महासभा के प्रदेश प्रवक्ता अवतार सिंह गिरने ने कहा कि एक देश में दो कानून नहीं चल सकते। उनका आरोप है कि एक विशेष वर्ग को ताजमहल परिसर में धार्मिक आयोजन, चादरपोशी और भंडारे की अनुमति दी जाती है और उस दौरान बड़ी संख्या में लोग मौजूद रहते हैं, जबकि हिंदूवादियों को पूजा-अर्चना की अनुमति नहीं दी जाती।
अवतार ने सवाल उठाते हुए कहा कि यदि एक वर्ग को धार्मिक गतिविधियों की अनुमति मिल सकती है तो हिंदू समाज को पूजा-अर्चना से क्यों रोका जाता है? उन्होंने इसे हिंदू महासभा के साथ दोहरा रवैया करार दिया।
उन्होंने ताजमहल परिसर में प्रतिबंधों का हवाला देते हुए एक और गंभीर आरोप लगाया। अवतार सिंह ने कहा कि जहां ताजमहल परिसर में सिगरेट तक ले जाने पर प्रतिबंध है, वहीं उनके आरोप के अनुसार उर्स के दौरान मांस केवल परोसा ही नहीं जाता, बल्कि परिसर में पकाए जाने की भी बात सामने आती है। उन्होंने कहा कि यदि नियम हैं तो वे सभी के लिए समान होने चाहिए।
हिंदू महासभा के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष अज्जू चौहान ने कहा कि संगठन कई दशकों से ताजमहल को ‘तेजो महालय’ बताते हुए वहां गंगाजल अर्पित करने का प्रयास करता रहा है और आगे भी करता रहेगा। उन्होंने कहा कि एफआईआर से हिंदूवादी भयभीत होने वाले नहीं हैं। राम मंदिर आंदोलन का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि हिंदूवादियों ने पहले भी पुलिस कार्रवाई का सामना किया है।
वहीं जिलाध्यक्ष मीरा राठौर ने कहा कि हिंदू महासभा ने तेजो महालय में गंगाजल अर्पित करने का संकल्प लिया है। उन्होंने कहा कि इस बार पुलिस ने मंडी चौराहे पर रोक दिया है, लेकिन यह सिलसिला यहीं खत्म नहीं होगा। उन्होंने दावा किया कि अगले वर्ष सावन के पहले सोमवार को इसी स्थान से परिक्रमा शुरू कर तेजो महालय में गंगाजल अर्पित करने का प्रयास किया जाएगा।
पूरे घटनाक्रम के दौरान पुलिस बल तैनात रहा। ताजमहल की ओर बढ़ने की कोशिश और पुलिस द्वारा रोके जाने के चलते कुछ देर तक गहमा-गहमी का माहौल बना रहा। हिंदू महासभा के नेताओं के आरोपों और दावों पर प्रशासन की ओर से तत्काल कोई प्रतिक्रिया सामने नहीं आई।