

Agra Jagannath Temple Foundation Day: कमला नगर स्थित श्रीजगन्नाथ मंदिर का 16वां स्थापना दिवस सोमवार को भक्ति, श्रद्धा और उल्लास के साथ मनाया गया। जगन्नाथ पुरी से 16 वर्ष पूर्व बहन सुभद्रा और भाई बलभद्र के साथ आगरा पधारे भगवान श्रीजगन्नाथ का स्थापना दिवस भक्तों ने धार्मिक अनुष्ठानों और भव्य आयोजन के साथ मनाया। मंदिर में विशेष श्रृंगार के बाद भगवान श्रीजगन्नाथ ने सुर्ख रंग की गोटा-पत्ती से सजी पोशाक में भक्तों को दर्शन दिए। भगवान का मनोहारी स्वरूप देखकर श्रद्धालु भाव-विभोर हो उठे।
स्थापना दिवस के लिए भक्तों ने करीब दो माह की मेहनत से भगवान के लिए गोटा-पत्ती की आकर्षक पोशाक तैयार की थी। मंदिर परिसर को गुलाबी साज-सज्जा के साथ नीले और पीले रंग के फूलों व रंग-बिरंगे गुब्बारों से सजाया गया। फूलों की सुगंध से महकते मंदिर परिसर में दिनभर श्रीजगन्नाथ के जयकारे गूंजते रहे।
भक्त अपने-अपने घरों से भगवान के लिए विभिन्न प्रकार के व्यंजन बनाकर लेकर पहुंचे। इन व्यंजनों से भगवान को छप्पन भोग अर्पित किया गया। इसके बाद भक्तों ने सामूहिक रूप से 'हरे राम, हरे कृष्ण' महामंत्र का संकीर्तन किया। भक्ति संगीत और संकीर्तन से मंदिर परिसर आध्यात्मिक ऊर्जा से सराबोर हो गया। इस अवसर पर फूल बंगला और भंडारे का भी आयोजन किया गया।
वृंदावन से आए प्रभु हरविजय दास ने मंदिर की 16 वर्ष की यात्रा से जुड़े संस्मरण भक्तों के साथ साझा किए। उन्होंने कहा कि भगवान से नाता जोड़ने के साथ ही प्रत्येक व्यक्ति के प्रति प्रेम, सम्मान और सद्भाव का व्यवहार करना भी आवश्यक है। जो व्यक्ति भगवान श्रीजगन्नाथ के साथ-साथ पूरी सृष्टि से प्रेम करता है, वही प्रथम श्रेणी का भक्त है। उन्होंने कहा कि केवल पूजा-पाठ, व्रत और तपस्या ही भक्ति का आधार नहीं हैं, बल्कि जीवन में सरलता, विनम्रता और कुशल व्यवहार भी भगवान की प्राप्ति का मार्ग प्रशस्त करते हैं।
मंदिर अध्यक्ष अरविंद प्रभु ने कहा कि शास्त्रों का अध्ययन करने और जरूरतमंदों की सहायता व दान के लिए सदैव तत्पर रहना चाहिए। उन्होंने भक्तों से अहंकार त्यागकर भगवान के प्रति समर्पित भाव रखने का आह्वान किया। उन्होंने भगवद गीता का उल्लेख करते हुए कहा कि भगवान ने उस भक्त को अपना प्रिय बताया है, जिसने अपने मन और बुद्धि को भगवान को अर्पित कर दिया है।
आयोजन में संजीव मित्तल, नितेश अग्रवाल, शैलेंद्र अग्रवाल, सुशील अग्रवाल, सुनील मनचंदा, राजेश गर्ग, संजीव बंसल, कमता प्रसाद अग्रवाल, आशु मित्तल, शैलेश बंसल, राजेश उपाध्याय, ओमप्रकाश अग्रवाल, संजय कुकरेजा, राजीव मल्होत्रा, अदिति गौरांगी, विपिन अग्रवाल, देव केशव सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु मौजूद रहे।