

ATM Cancel Button Myth: आज के डिजिटल युग में भले ही UPI ने भुगतान को आसान बना दिया है, लेकिन नकद की जरूरत आज भी बनी हुई है। एटीएम से पैसे निकालते समय सुरक्षा को लेकर अक्सर सोशल मीडिया पर कई तरह के दावे और घरेलू नुस्खे शेयर किए जाते हैं। इनमें सबसे आम दावा यह है कि पैसे निकालने के बाद 'Cancel' बटन दबाने से आपका पिन (PIN) हैकर्स से सुरक्षित रहता है। आज हम इसी दावे की हकीकत जानेंगे और समझेंगे कि बैंक और साइबर विशेषज्ञ इस बारे में क्या राय रखते हैं।
अक्सर एटीएम के बाहर या सोशल मीडिया पर लोग एक-दूसरे को सलाह देते हैं कि ट्रांजेक्शन पूरा होने के बाद दो बार 'Cancel' बटन जरूर दबाएं। लोगों का मानना है कि ऐसा करने से एटीएम मशीन 'सेफ मोड' में चली जाती है और यदि वहां कोई स्किमिंग डिवाइस लगी हो, तो वह पिन चोरी नहीं कर पाती। यह धारणा इतनी गहरी हो गई है कि आधे से ज्यादा लोग इसे एक अनिवार्य सुरक्षा नियम मान बैठे हैं। हालांकि, तकनीक और सुरक्षा के लिहाज से इस दावे का कोई ठोस आधार नहीं है।
प्रेस इंफॉर्मेशन ब्यूरो (PIB) ने इस वायरल दावे की जांच की और इसे पूरी तरह से 'फर्जी' करार दिया। PIB के फैक्ट चेक के अनुसार, भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) या किसी भी अन्य बैंक ने कभी भी ऐसी कोई आधिकारिक सलाह जारी नहीं की है। एटीएम में लगा कैंसिल बटन केवल एक सामान्य कमांड है जो आपके वर्तमान सत्र (Session) को समाप्त करने के लिए होता है। इसे बार-बार दबाने से मशीन की सुरक्षा प्रणाली में कोई अतिरिक्त बदलाव नहीं होता और न ही यह हैकर्स को रोकने में सक्षम है।
एटीएम मशीन में 'Cancel' बटन को केवल यूजर की सुविधा के लिए दिया गया है। मान लीजिए कि आपने गलती से गलत धनराशि दर्ज कर दी है या आप किसी कारणवश लेनदेन को बीच में ही रोकना चाहते हैं, तो आप इस बटन का उपयोग कर सकते हैं। इसका सीधा संबंध हैकिंग, स्किमिंग या पिन की सुरक्षा से नहीं होता। यह बटन केवल सॉफ्टवेयर को यह निर्देश देता है कि वर्तमान प्रक्रिया को तुरंत रोक दिया जाए और कार्ड को बाहर निकाल दिया जाए।
कैंसिल बटन पर निर्भर रहने के बजाय आपको कुछ बुनियादी सावधानियां बरतनी चाहिए। जब भी आप एटीएम के अंदर जाएं, तो कार्ड डालने वाले स्लॉट (Card Slot) को हल्का हिलाकर देखें कि वहां कोई अतिरिक्त डिवाइस तो नहीं लगी है। इसके अलावा पिन दर्ज करते समय कीपैड को अपने दूसरे हाथ से ढक लें ताकि गुप्त कैमरे आपकी उंगलियों की मूवमेंट रिकॉर्ड न कर सकें। अपने मोबाइल पर SMS अलर्ट हमेशा चालू रखें और समय-समय पर अपना ATM पिन बदलते रहें। अगर आपको मशीन में कुछ भी संदिग्ध लगे, तो तुरंत बैंक को इसकी सूचना दें।