WhatsApp, Telegram, Snapchat पर बड़ा फैसला, बिना सिम कार्ड दूसरे डिवाइस में नहीं चलेंगे प्लेटफॉर्म
Updates on WhatsApp and Telegram : सरकार ने इंस्टेंट मैसेजिंग प्लेटफॉर्म के नियमों में बदलाव करने की घोषणा की है। अब WhatsApp, Telegram बिना सिम कार्ड के नहीं चलेंगे।
- Written By: रंजन कुमार
व्हाट्सएप और टेलीग्राम। इमेज-एआई
Tech Updates: केंद्र सरकार ने इंस्टेंट मैसेजिंग प्लेटफॉर्म को लेकर बड़ा फैसला लिया है। आप WhatsApp, Telegram, Signal, Arattai, Snapchat और Sharechat समेत अन्य मैसेजिंग प्लेटफॉर्म के इस्तेमाल का तरीका बदलने वाला है। इन ऐप के लिए सिम कार्ड वेरिफिकेशन लागू होगा और वेब बेस्ड सेशन में हर 6 घंटे में ऑटोमैटिक लॉग आउट होना अनिवार्य होगा।
अगर, यूजर के अपने डिवाइस में फिजिकल सिम कार्ड नहीं होगा, जिससे उन्होंने ऐप रजिस्टर्ड किया है तो वो इन सर्विस का उपयोग नहीं कर पाएंगे। दूरसंचार विभाग (DoT) के इस निर्देश का उद्देश्य साइबर फ्रॉड से बचाव करना है।
हर 6 घंटे में होगा लॉग आउट
सरकार के आदेश के अनुसार, इन कम्युनिकेशन ऐप को 90 दिनों के भीतर यह सुनिश्चित करना होगा कि उनकी सर्विस का उपयोग करने वाले डिवाइस में रजिस्ट्रेशन के समय उपयोग किया गया सिम कार्ड वर्तमान में हर समय मौजूद होना चाहिए। अगर, डिवाइस में सिम कार्ड नहीं है तो एक्सेस ब्लॉक करना होगा। सिम बाइंडिंग जैसी टेक्निकल जरूरत से यह पता चलता है। इसके अतिरिक्त वॉट्सऐप वेब समेत इन ऐप के वेब बेस्ड वर्जन में हर 6 घंटे बाद खुद-ब-खुद अब लॉग आउट अनिवार्य हो जाएगा, ताकि साइबर फ्रॉड से काफी हद तक बचाव होगा।
सम्बंधित ख़बरें
Acer का नया AI Laptop लॉन्च, Intel Core Ultra 7, 32GB RAM और Copilot+ फीचर्स के साथ मचा सकता है धूम
चीन में इंसानों की नौकरी खा जाएंगे Robots? 2035 तक फैक्ट्रियों में दिख सकते हैं 2.4 करोड़ Humanoid Machines
WhatsApp पर आया Lockdown PDF तो तुरंत हो जाएं सावधान, एक क्लिक में खाली हो सकता है बैंक अकाउंट
दिल्ली वालों की टेंशन खत्म, अब हर सोमवार दौड़ेंगी Extra Metro ट्रेनें, ईंधन संकट के बीच बड़ा फैसला
साइबर सिक्योरिटी के कारण लिया निर्णय
सरकार को जानकारी हुई है कि कुछ ऐप बेस्ड कम्युनिकेशन सर्विस जो ग्राहकों की पहचान के लिए मोबाइल नंबर का उपयोग कर रही हैं, लेकिन यूजरों के डिवाइस में सिम के बिना सर्विस उपयोग करने की अनुमति देती हैं। इससे टेलीकॉम साइबर सिक्योरिटी के लिए चुनौती पैदा हो रही, क्योंकि देश के बाहर से साइबर फ्रॉड करने के लिए इसका गलत उपयोग हो रहा।
यह भी पढ़ें: WhatsApp का पुराना About फीचर आया वापस, अब होगा पहले से ज्यादा आसान और उपयोगी
ग्राहकों पर होगा असर
भारत में WhatsApp को बहुत बड़े स्तर पर इस्तेमाल किया जाता है। नए नियमों से काफी कुछ बदल सकता है। कई लोग स्मार्टफोन और टैबलेट जैसे कई डिवाइस का उपयोग करते या दो स्मार्टफोन उपयोग करते हैं, लेकिन दोनों डिवाइस पर एक ही अकाउंट उपयोग करने के लिए उन्हें लिंक कर देते हैं। सिम बाइंडिंग के नियम के चलते इसमें रुकावट आ सकती है। वहीं, काम के दौरान अपने लैपटॉप और कंप्यूटर पर वॉट्सऐप का उपयोग करने वाले यूजरों को बीच-बीच में रुकावट का सामना करना पड़ सकता है, क्योंकि वेब बेस्ड सेशन के दौरान हर 6 घंटे में मैसेजिंग ऐप लॉग आउट होगा।
