

Who Will Be Affected By New SIM Rule: आज के समय में मोबाइल नंबर सिर्फ कॉल या इंटरनेट चलाने का जरिया नहीं बनकर रह गया है। इसका इस्तेमाल करके अब यूजर्स बैंकिंग, UPI, सोशल मीडिया और OTP जैसी कई जरूरी सेवाएं का इस्तेमाल मोबाइल नंबर के जरिए कर रहे है। ऐसे में अगर आपके नाम पर कोई अनजान SIM कार्ड चल रहा है तो यह आपके लिए बड़ा सुरक्षा जोखिम बन सकता है। वहीं अब 24 अगस्त 2026 से जुड़े नए नियमों को लेकर खास तौर पर उन यूजर्स को सतर्क रहने की जरूरत है जिनके नाम पर कई मोबाइल कनेक्शन पहले से दर्ज हैं।
इस नए नियम में सबसे पहले उन लोगों को रखा गया है कि जिनके नाम पर 9 से ज्यादा मोबाइल नंबर एक्टिव होते हैं। जिसमें पुराने नंबर, सेकेंडरी SIM, डेटा कनेक्शन या लंबे समय से इस्तेमाल न किए जा रहे नंबर शामिल किए जा रहे है। जिसको देखते हुए ऐसे यूजर्स को अपने सभी मोबाइल कनेक्शनों की सूची जांचनी होगी। अगर कोई नंबर जरूरी नहीं है तो उसे बंद कराने की प्रक्रिया शुरू करना बेहतर बताया जा रहा है। जो नियमों के उल्लंघन और मोबाइल कनेक्शन से जुड़ी संभावित परेशानी से बचाएगा।
भारत में देखा जाता है कि कई लोग अपने परिवार के सदस्यों, बच्चों या बुजुर्गों के लिए SIM कार्ड अपने नाम पर ले लेते हैं। ऐसी स्थिति में सभी नंबर तकनीकी रूप से उसी व्यक्ति के नाम पर दर्ज होते हैं जिसने कनेक्शन लिया है। ऐसे में अगर परिवार के कई सदस्यों के मोबाइल नंबर आपके नाम पर हैं तो आपको यह जांचना चाहिए कि कौन-सा नंबर किस व्यक्ति द्वारा इस्तेमाल किया जा रहा है। जिसमें जरूरत पड़ने पर कनेक्शन को वास्तविक उपयोगकर्ता के नाम पर ट्रांसफर कराने या अनावश्यक नंबर बंद कराने पर विचार भी किया जा सकता है।
देखा जाता है कि कई बार लोग SIM कार्ड इस्तेमाल करना बंद कर देते हैं लेकिन कनेक्शन आधिकारिक रूप से बंद नहीं होता है। जिसके कारण ऐसे नंबर रिकॉर्ड में आपके नाम पर बने रह सकते हैं। ऐसे में अगर आपने कभी कोई नंबर इस्तेमाल किया था और बाद में उसे छोड़ दिया तो यह मानकर न चलें कि वह अपने आप बंद हो गया होगा। इसके लिए आपको Sanchar Saathi या TAFCOP के जरिए जांच करें कि वह नंबर अभी भी आपके नाम पर सक्रिय है या नहीं।
जानकारी में बताया जाता है कि जांच करने पर अगर आपके नाम पर ऐसा मोबाइल नंबर दिखाई देता है जिसे आपने कभी खरीदा या इस्तेमाल नहीं किया तो यह सबसे गंभीर स्थिति हो सकती है। किसी अन्य व्यक्ति द्वारा आपके दस्तावेजों का गलत इस्तेमाल करके SIM जारी कराया गया हो सकता है। जिसको देखते हुए ऐसे कनेक्शन को तुरंत संदिग्ध या अनजान नंबर के तौर पर रिपोर्ट करें। वहीं समय पर कार्रवाई न करने पर उस नंबर का इस्तेमाल धोखाधड़ी, फर्जीवाड़े या अन्य गैरकानूनी गतिविधियों में भी किया जा सकता है।
छोटे कारोबारी, दुकानदार और फ्रीलांसर अक्सर काम के लिए कई मोबाइल नंबर इस्तेमाल करते हैं। जिसमें कॉलिंग, इंटरनेट, कर्मचारियों और ग्राहकों से संपर्क के लिए अलग-अलग SIM शामिल हो सकते हैं। ऐसे लोगों को अपने नाम पर जारी सभी कनेक्शनों का रिकॉर्ड व्यवस्थित रखना चाहिए। जो नंबर अब कारोबार में इस्तेमाल नहीं हो रहे हैं उन्हें बंद कराना जरूरी हो सकता है। इससे अनावश्यक कनेक्शन कम होंगे और किसी नंबर के गलत इस्तेमाल का जोखिम भी घट जाएगे।
कुछ लोग कंपनी, दुकान या संस्था के काम के लिए कई SIM अपने व्यक्तिगत दस्तावेजों पर ले लेते हैं। ऐसी स्थिति में मोबाइल कनेक्शन व्यक्ति के नाम पर दर्ज हो सकते हैं भले ही उनका इस्तेमाल कर्मचारी या संस्था कर रही हो। ऐसे यूजर्स को यह सुनिश्चित करना चाहिए कि सभी कनेक्शन अधिकृत उपयोगकर्ताओं और सही दस्तावेजों से जुड़े हों। कर्मचारियों के नौकरी छोड़ने के बाद उनके इस्तेमाल वाले नंबरों की स्थिति भी जांचनी चाहिए।
वहीं अगर आप चेक करना चाहते है कि आपके नाम पर कितने सिम है तो उसके लिए आपको सरकार के आधिकारिक Sanchar Saathi प्लेटफॉर्म पर मौजूद TAFCOP (Telecom Analytics for Fraud Management and Consumer Protection) सेवा की मदद लेनी होगी जिसमें आपके नाम पर कितने मोबाइल कनेक्शन है यह पता चल जाएगा।
इसके लिए Sanchar Saathi पर जाकर Know Mobile Connections in Your Name या TAFCOP सेवा चुनें।
अपना मोबाइल नंबर दर्ज करें और OTP के जरिए वेरिफिकेशन पूरा करें।
इसके बाद आपके नाम पर दर्ज मोबाइल कनेक्शनों की जानकारी स्क्रीन पर दिखाई देगी।
इस सूची को खोलने के बाद में कोई ऐसा नंबर दिखाई देता है जिसे आप नहीं पहचानते तो उसे तुरंत रिपोर्ट करें। वहीं पुराने या अनावश्यक नंबरों को बंद कराने की प्रक्रिया शुरू की जा सकती है। इसमें किसी भी संदिग्ध कनेक्शन को नजरअंदाज न करें क्योंकि आपके नाम पर जारी नंबर का गलत इस्तेमाल होने पर शुरुआती जांच आपके दस्तावेजों और पहचान से जुड़ी हो सकती है।
Sanchar Saathi की मोबाइल ऐप के जरिए भी अपने नाम पर जारी मोबाइल कनेक्शनों की जानकारी देखी जा सकती है। ऐप में संदिग्ध या फर्जी कनेक्शन की रिपोर्ट करने की सुविधा भी उपलब्ध है। DoT इसको लेकर बताता है कि ऐप Android और iOS दोनों प्लेटफॉर्म पर उपलब्ध है। जिसका सीधा मतलब है कि इस नियम का असर सबसे ज्यादा उन लोगों पर पड़ सकता है जिनके नाम पर कई SIM कनेक्शन हैं, पुराने नंबर सक्रिय हैं या कोई अनजान नंबर दर्ज है। इसलिए समय रहते अपने नाम पर जारी सभी मोबाइल कनेक्शनों की जांच करें और जरूरत न होने पर उन्हें बंद या रिपोर्ट जरूर करा ले।