

Highlights:
मोहम्मद शमी के संन्यास पर मोर्ने मोर्कल का बड़ा बयान
मोहम्मद शमी ने टेस्ट क्रिकेट से लिया संन्यास
शमी आईपीएल और टी-20 वनडे फार्मेट खेलते रहेगें
Morne Morkel Statement Regarding Mohammed Shami: भारतीय क्रिकेट टीम के गेंदबाजी कोच और दक्षिण अफ्रीका के पूर्व दिग्गज तेज गेंदबाज मोर्ने मोर्कल ने अनुभवी तेज गेंदबाज मोहम्मद शमी के टेस्ट क्रिकेट से संन्यास लेने के फैसले पर अपनी प्रतिक्रिया दी है।
साल 2024 में मुख्य कोच गौतम गंभीर के साथ भारतीय कोचिंग स्टाफ का हिस्सा बने मोर्कल भले ही टेस्ट प्रारूप में शमी के साथ ज्यादा काम नहीं कर पाए, लेकिन चैंपियंस ट्रॉफी 2025 में उन्हें शमी के साथ ड्रेसिंग रूम साझा करने और बेहतरीन समय बिताने का मौका मिला था।
भारत और न्यूजीलैंड सीरीज के दौरान सोनी स्पोर्ट्स पर बातचीत करते हुए बॉलिंग कोच मोर्ने मोर्कल ने शमी की तारीफों के पुल बांधे। मोर्कल ने कहा कि मैं वास्तव में भाग्यशाली था कि जब मैंने पहली बार भारतीय टीम के साथ काम करना शुरू किया, तब शमी टीम का हिस्सा थे।
मैं खुद को खुशनसीब मानता हूं कि जब मैं टीम से जुड़ा, तो उन्होंने ड्रेसिंग रूम में मुझे भारतीय क्रिकेट के तौर-तरीके समझाने में मदद की। उन्होंने शुरुआती दिनों में मेरी बहुत मदद की थी, इसलिए उन्हें टेस्ट क्रिकेट से जाते हुए देखना एक दुखद दिन है।
आपको बता दें कि भले ही मोहम्मद शमी ने टेस्ट क्रिकेट को अलविदा कह दिया है, लेकिन फैंस के लिए राहत की बात यह है कि वह मैदान पर नजर आते रहेंगे। शमी घरेलू क्रिकेट में बंगाल के लिए वनडे और टी-20 प्रारूप में खेलना जारी रखेंगे।
इसके साथ ही वह इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) में भी अपना जलवा बिखेरते दिखेंगे। मोर्कल ने खुशी जताई कि संन्यास के बाद भी शमी घरेलू स्तर पर पूरे जोश से खेल रहे हैं। उन्होंने कहा कि मेरा मतलब है कि वे अभी भी घरेलू मैदान पर जाकर काफी ओवर गेंदबाजी कर रहे हैं और उन्हें इस तरह खेलते हुए देखना बेहद सुखद है।
साल 2023 के वनडे वर्ल्ड कप में मोहम्मद शमी भारत के सबसे सफल गेंदबाजों में से एक रहे थे। हालांकि, इसके बाद टखने की चोट के कारण उन्हें सर्जरी करानी पड़ी और फिर घुटने की परेशानी ने भी उनकी वापसी की राह मुश्किल कर दी।
लंबी जद्दोजहद के बाद जनवरी 2025 में उन्होंने टी-20 क्रिकेट से अंतरराष्ट्रीय वापसी की और फिर चैंपियंस ट्रॉफी की टीम में चुने गए। न्यूजीलैंड के खिलाफ खेला गया फाइनल मुकाबला उनके अंतरराष्ट्रीय करियर का आखिरी मैच साबित हुआ।
शमी की भविष्य की योजनाओं पर मशहूर कमेंटेटर आकाश चोपड़ा ने बड़ा दावा किया है। 49 वर्षीय पूर्व भारतीय क्रिकेटर का कहना है कि मोहम्मद शमी की टीम इंडिया में वापसी अब नामुमकिन जैसी है। चोपड़ा के मुताबिक, चीफ सेलेक्टर अजित अगरकर अकेले शमी की वापसी के खिलाफ नहीं थे, बल्कि इस फैसले पर सभी सिलेक्टर्स की एक राय थी।
दरअसल, मोहम्मद शमी का जन्म 3 सितंबर 1990 को उत्तर प्रदेश के अमरोहा जिले के सहसपुर अलीनगर गांव में हुआ था। उनके पिता तौसीफ अली एक किसान थे और खुद भी तेज गेंदबाजी का शौक रखते थे। उन्होंने बेटे की प्रतिभा पहचानी और क्रिकेट की ट्रेनिंग के लिए उन्हें मुरादाबाद के कोच बदरुद्दीन सिद्दीकी के पास भेजा।
उत्तर प्रदेश की अंडर-19 टीम में मौका न मिलने के बाद कोच की सलाह पर शमी कोलकाता चले गए, जहां क्लब क्रिकेट में शानदार प्रदर्शन के दम पर उन्होंने बंगाल की टीम में जगह बनाई। घरेलू क्रिकेट में अपनी रफ्तार और स्विंग से पहचान बनाने के बाद साल 2013 में उन्हें टीम इंडिया के लिए डेब्यू का मौका मिला। शमी ने IPL में भी अपनी बादशाहत साबित की है, जहां उन्होंने 2023 सीजन में गुजरात टाइटन्स की ओर से खेलते हुए 17 मैचों में 28 विकेट चटकाए और 'पर्पल कैप' अपने नाम की थी।