युवराज सामरा (फोटो- सोशल मीडिया)
Yuvraj Samra Century: कनाडा के 19 वर्षीय बल्लेबाज युवराज सामरा ने टी20 विश्व कप 2026 में शानदार प्रदर्शन करते हुए नया इतिहास रच दिया। न्यूजीलैंड के खिलाफ खेले गए ग्रुप डी मुकाबले में उन्होंने 65 गेंदों पर 110 रन की विस्फोटक पारी खेली। इस पारी के साथ वह टी20 विश्व कप के इतिहास में शतक लगाने वाले सबसे कम उम्र के खिलाड़ी बन गए। सामरा भारतीय मूल के खिलाड़ी हैं और कनाडा के ब्राम्पटन शहर से आते हैं। उनके पिता बलजीत सामरा क्रिकेट के बड़े शौकीन रहे हैं और उन्होंने ही अपने बेटे का नाम भारत के पूर्व स्टार बल्लेबाज युवराज सिंह के नाम पर रखा था। बचपन से ही सामरा क्रिकेट के प्रति जुनूनी रहे और इसी लगन ने उन्हें अंतरराष्ट्रीय मंच तक पहुंचाया।
न्यूजीलैंड जैसी मजबूत टीम के खिलाफ सामरा की पारी ने सभी का ध्यान खींचा। उन्होंने अपनी इस शानदार पारी में 11 चौके और 6 छक्के लगाए, जिसकी बदौलत कनाडा की टीम 173 रन का प्रतिस्पर्धी स्कोर खड़ा करने में सफल रही। हालांकि टीम को मैच में हार का सामना करना पड़ा, लेकिन सामरा की बल्लेबाजी चर्चा का विषय बन गई। वह पारी के अंतिम ओवर में बड़ा शॉट खेलने की कोशिश में आउट हुए, लेकिन तब तक वह अपनी छाप छोड़ चुके थे। यह पारी उनके टी20 अंतरराष्ट्रीय करियर की अब तक की सर्वश्रेष्ठ पारी भी रही।
सामरा ने बताया कि कनाडा में क्रिकेट खेलना आसान नहीं है। ठंडे मौसम के कारण खिलाड़ियों को साल में बहुत सीमित समय ही अभ्यास का मौका मिलता है। कई बार तापमान माइनस 25 से 30 डिग्री तक पहुंच जाता है, जिससे नियमित प्रशिक्षण संभव नहीं हो पाता। बेहतर तैयारी के लिए टीम को श्रीलंका जाकर अभ्यास करना पड़ा। पिछले साल मार्च में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में पदार्पण करने वाले सामरा ने अपने 19वें टी20 अंतरराष्ट्रीय मैच में यह बड़ी उपलब्धि हासिल की। उनकी पारी टी20 विश्व कप में किसी एसोसिएट टीम के बल्लेबाज द्वारा बनाया गया सर्वोच्च व्यक्तिगत स्कोर भी बन गई।
मैच के बाद सामरा ने अपनी भावनाएं साझा करते हुए कहा कि यह पारी उनके जीवन का अहम मोड़ साबित हो सकती है और वह क्रिकेट में लंबा करियर बनाना चाहते हैं। युवराज ने कहा कि “मुझे लगता है कि इस पारी से मेरा जीवन बदल सकता है। मैं खेल में करियर बना सकता हूं। मेरे लिये यह सपना सच होने जैसा होगा। मैं हमेशा से इस पल के बारे में सोचता था और विश्व कप में नाम कमाना चाहता था।”
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अब इस युवा बल्लेबाज से कनाडा क्रिकेट को भविष्य में और भी बड़ी पारियों की उम्मीद है। जिस आत्मविश्वास और आक्रामक अंदाज से उन्होंने बल्लेबाजी की है, उससे साफ है कि वह आने वाले समय में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में अपनी मजबूत पहचान बना सकते हैं।